Jharkhand: झारखंड के 700 से अधिक धान अधिप्राप्ति केंद्रों पर धान ख़रीद की शुरूआत हो चुकी है। झारखंड की हेमंत सोरेन सरकार ने पारदर्शी योजना के जरिए इस बार बिचौलियों की भूमिका को पूरी तरह खत्म कर दिया है। अपनी किसान हितैषी सोच को आगे बढ़ाते हुए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने किसानों की बड़ी समस्या दूर कर दी।
झारखंड की हेमंत सरकार ने प्रति क्विंटल 2450 रुपये देने का ऐलान किया है। जिसमें, धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य 2369 रुपये प्रति क्विंटल है। जबकि झारखंड की हेमंत सोरेन सरकार की तरफ से 81 रुपये प्रति क्विंटल का बोनस भी शामिल है।
धान बिक्री के बाद किसानों को उनका भुगतान त्वरित रुप से उनके खाते में किया जा रहा है। सरकार की इस पहल ने किसानों के चेहरे पर मुस्कान ला दी है। राज्य के किसान ई-उपार्जन पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन कर इसका लाभ ले सकते हैं। मोबाइल एप के जरिए स्लॉट बुक किया जा सकता है।
राज्य के अन्नदाताओं का जीवन बेहतर बनाने में झारखंड की हेमंत सोरेन सरकार की ये पहल मील का पत्थर साबित हो सकती है।