भारतीय विमान कैप्टन स्मित मच्छार को इजराइल के सर्वोच्च नागरिक वीरता पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा। इजराइल के राष्ट्रपति इसाक हर्जोग ने उनके साहस और सूझबूझ की सराहना करते हुए यह घोषणा की है। स्मित मच्छार ने दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की फ्लाइट में अपने सह-पायलट के हमले का बहादुरी से सामना किया था। उनके साहस ने विमान में सवार यात्रियों और चालक दल के सदस्यों की जान बचाने में अहम भूमिका निभाई।
इजराइल के राष्ट्रपति ने की बहादुरी की तारीफ
इजराइल के राष्ट्रपति इसाक हर्जोग ने गुरुवार को यरूशलम स्थित राष्ट्रपति आवास पर आयोजित समारोह में छह लोगों को नागरिक वीरता पुरस्कार से सम्मानित किया। ये सभी लोग 30 सितंबर 2026 को दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाइट में सवार थे।
इस दौरान राष्ट्रपति ने भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार के जल्द स्वस्थ होने की कामना की। उन्होंने कहा कि विमान में सवार लोगों ने मुश्किल हालात में असाधारण साहस और जिम्मेदारी का परिचय दिया। स्मित मच्छार के ठीक होने के बाद उन्हें भी राष्ट्रपति की ओर से नागरिक वीरता पुरस्कार दिया जाएगा। हर्जोग ने कहा कि कैप्टन स्मित की बहादुरी और अपने कर्तव्य के प्रति समर्पण ने एक बड़े हादसे को टालने में मदद की। उन्होंने इसे सम्मान की बात बताते हुए उनके साहस की सराहना की।
'प्रेसिडेंशियल अवॉर्ड फॉर सिविलियन हीरोइज्म' इजराइल का सर्वोच्च नागरिक वीरता सम्मान है। राष्ट्रपति कार्यालय के अनुसार, इस पुरस्कार की शुरुआत सात अक्टूबर 2023 को हुए हमलों के बाद की गई थी। यह सम्मान उन लोगों को दिया जाता है, जिन्होंने दूसरों की जान बचाने या उनकी मदद करने के लिए अपनी जान जोखिम में डालकर असाधारण साहस दिखाया हो।
राष्ट्रपति कार्यालय के मुताबिक, ताली मेनेस, ज्विका मेनेस, यानीव हायून, शोता मुसायेव, असाफ राजुआन और ओर पारडिलोव को भी इस सम्मान से नवाजा गया। इन छह लोगों ने विमान में हाईजैक की कोशिश कर रहे संदिग्ध व्यक्ति को रोकने में भूमिका निभाई थी।
30 सितंबर को फ्लाईदुबई की फ्लाइट 1073 दुबई से तेल अवीव जा रही थी। विमान में 172 यात्री और चालक दल के सदस्य सवार थे। इसी दौरान ओमान के नागरिक और सह-पायलट हमम अल-हम्मामी ने कथित तौर पर विमान को क्रैश करने की कोशिश की और कैप्टन स्मित मच्छार पर चाकू से हमला किया। इस मुश्किल स्थिति में कैप्टन स्मित ने बहादुरी से मुकाबला किया। विमान में मौजूद अन्य लोगों ने भी संदिग्ध को रोकने में मदद की। उनके सामूहिक प्रयासों से एक बड़ी दुर्घटना टालने में मदद मिली।
हमले में घायल भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार का संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के एक अस्पताल में इलाज चल रहा है। उनकी सेहत में तेजी से सुधार होने की जानकारी दी गई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने भी उनकी बहादुरी की सराहना की है। स्मित मच्छार के साहस को विमान में सवार लोगों की सुरक्षा के लिए उठाए गए महत्वपूर्ण कदम के तौर पर देखा जा रहा है।
पुरस्कार समारोह के दौरान राष्ट्रपति इसाक हर्जोग ने कहा कि विमान में सवार लोगों ने संकट के समय इंसानियत और हिम्मत की मिसाल पेश की। उन्होंने कहा कि जब फैसला लेने का समय आया, तो इन लोगों ने दूसरों की जान बचाने का रास्ता चुना।
हर्जोग ने सात अक्टूबर 2023 को इजराइल पर हुए हमले का जिक्र करते हुए कहा कि उस घटना ने इजराइली लोगों को गहरे घाव दिए हैं, जिनका असर कई पीढ़ियों तक रहेगा। उन्होंने आतंकवाद से मुकाबले के लिए दूरदर्शिता, दृढ़ संकल्प और अंतरराष्ट्रीय सहयोग को जरूरी बताया।
इजराइल के राष्ट्रपति ने संयुक्त अरब अमीरात में चल रही जांच पर भरोसा जताया और वहां के अधिकारियों के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि आतंकवाद के खिलाफ सभी देशों को मिलकर काम करना चाहिए।