ओडिशा के क्योंझर जिले से एक हैरान कर देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक आदिवासी व्यक्ति अपनी मृत बहन के कंकाल अवशेष लेकर बैंक पहुंच गया। वह अपनी बहन के खाते से पैसे निकालना चाहता था और खुद को उसका उत्तराधिकारी बता रहा था। यह घटना 27 अप्रैल की है। सब-कलेक्टर उमा शंकर दलई ने बताया कि व्यक्ति को कानूनी प्रक्रियाओं की जानकारी नहीं थी और वह निराशा में ऐसा कदम उठा बैठा। शुरुआती जांच में पता चला कि वह अपनी बहन का क्लास-1 कानूनी उत्तराधिकारी नहीं है, इसलिए बैंक ने उससे जरूरी दस्तावेज मांगे थे, जो वह पेश नहीं कर सका।
अधिकारियों ने अब उसकी मदद शुरू कर दी है। उसे मृत्यु प्रमाण पत्र और लीगल हेयर सर्टिफिकेट जैसे जरूरी दस्तावेज बनवाने के लिए कहा गया है। साथ ही रेड क्रॉस की ओर से ₹20,000 की सहायता राशि जल्द दिलाने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। बैंक के साथ समन्वय कर यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि जमा रकम सही कानूनी वारिसों तक पहुंच सके। फिलहाल मामले में आगे की जानकारी का इंतजार है।