Gujarat: गुजरात सरकार शहरों को स्मार्ट और सुरक्षित बनाने के लिए तकनीक और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का सहारा ले रही है। मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल के मार्गदर्शन में गुजरात सरकार द्वारा गांधीनगर स्थित AI सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के जरिए शहरी सेवाओं को और प्रभावी बनाया जा रहा है।
इसी क्रम में अब अहमदाबाद महानगरपालिका इलाके में आवारा पशुओं की समस्या से निपटने के लिए AI आधारित पायलट प्रोजेक्ट शुरू करने की तैयारी है। शहर में AI सिस्टम से जुड़े CCTV कैमरों से रियल टाइम में पहचान की जाएगी।
प्रस्तावित AI मॉडल में गाय की नाक, उसकी आंख और चेहरे के खास लक्षणों के आधार पर पहचान किया जाएगा। इसके बाद नगर निगम के डेटाबेस से उसके मालिक की जानकारी तुरंत प्राप्त की जा सकेगी, जिससे पशु मालिकों के खिलाफ जुर्माना या दंडात्मक कार्रवाई में आसानी होगी।
अहमदाबाद में अब तक करीब 1 लाख 10 हजार गायों में रेडियो फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन टैग और माइक्रोचिप लगाए जा चुके हैं, जिनका डेटा AMC के Stray Cattle Control Department के पास सुरक्षित है।
शहर में 126 स्मार्ट कैमरे और करीब 7 हजार से अधिक CCTV कैमरों का नेटवर्क तैयार किया गया है। इस पायलट प्रोजेक्ट की मदद से ट्रैफिक जाम में सुधार के साथ ही सड़क हादसों में कमी और सार्वजनिक सुरक्षा को मजबूती मिलेगी।