राजद अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव की तबीयत शुक्रवार को अचानक बिगड़ गई। वह नियमित नेत्र परीक्षण के लिए शाम को आइजीआइएमएस पहुंचे थे। इसी दौरान जांच में उनके रक्तचाप (बीपी) में उतार-चढ़ाव पाया गया। बीपी में असामान्य बदलाव के बाद डॉक्टरों ने एहतियातन उनका ईसीजी कराया। जांच में कुछ बदलाव सामने आने पर चिकित्सकों ने उन्हें निगरानी में रखने का निर्णय लिया। इसके बाद लालू प्रसाद को अस्पताल में भर्ती कर करीब दो घंटे तक डॉक्टरों की टीम की निगरानी में रखा गया।
अस्पताल में भर्ती रहने के दौरान उनकी सेहत स्थिर बनी रही और किसी तरह की नई समस्या सामने नहीं आई। स्थिति सामान्य रहने पर डॉक्टरों ने उन्हें घर जाने की अनुमति दे दी और आवश्यक सावधानियां बरतने की सलाह दी। लालू प्रसाद यादव पहले से कई गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रहे हैं। उनका सिंगापुर में किडनी प्रत्यारोपण हो चुका है। इसके अलावा एम्स नई दिल्ली में उनकी हृदय सर्जरी और आंख की सर्जरी भी हो चुकी है।
आइजीआइएमएस के उप निदेशक सह प्रवक्ता डॉ. विभूति प्रसन्न सिन्हा ने बताया कि पूर्व में हृदय सर्जरी हो चुकी होने के कारण एहतियातन निगरानी में रखा गया था। डॉक्टरों ने उन्हें आगे की सलाह के लिए एम्स नई दिल्ली से भी परामर्श लेने को कहा है। अस्पताल प्रशासन के अनुसार लालू प्रसाद की स्थिति फिलहाल स्थिर है और घबराने जैसी कोई बात नहीं है। चूंकि उनका नियमित स्वास्थ्य परीक्षण एम्स दिल्ली में होता है, इसलिए विशेषज्ञों की राय लेने की सलाह दी गई है।