दिल्ली के त्यागराज स्टेडियम में 27 जुलाई से आयोजित 22वीं कॉमनवेल्थ टेबल टेनिस चैंपियनशिप 2026 का रविवार को भव्य समापन हुआ। समापन समारोह में दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं। उन्होंने विजेता खिलाड़ियों को पदक और सम्मान प्रदान कर उनके शानदार प्रदर्शन की सराहना की।

मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि यह दिल्ली के लिए गर्व की बात है कि राजधानी ने 25 कॉमनवेल्थ देशों की भागीदारी वाले इस बड़े अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजन की सफलतापूर्वक मेजबानी की। उन्होंने कहा कि दिल्ली ने एक बार फिर विश्वस्तरीय खेल आयोजनों को सफलतापूर्वक आयोजित करने की अपनी क्षमता साबित की है। उन्होंने कहा, "हमारा संकल्प है कि दिल्ली केवल देश की राजनीतिक राजधानी ही नहीं, बल्कि भारत की स्पोर्ट्स कैपिटल भी बने।"

समापन समारोह में दिल्ली के शिक्षा एवं खेल मंत्री आशीष सूद, कॉमनवेल्थ टेबल टेनिस फेडरेशन के पदाधिकारी, टेबल टेनिस फेडरेशन ऑफ इंडिया के प्रतिनिधि, विभिन्न देशों के खिलाड़ी, अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधिमंडल और खेल जगत से जुड़ी कई प्रमुख हस्तियां मौजूद रहीं। समारोह में कलारीपयट्टू प्रदर्शन, फ्लाइंग ड्रमर्स की प्रस्तुति, विशेष बच्चों की सांस्कृतिक प्रस्तुति और मेडल सेरेमनी सहित कई कार्यक्रम आयोजित किए गए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि यह चैंपियनशिप केवल एक खेल प्रतियोगिता नहीं थी, बल्कि खेल प्रतिभा, अंतरराष्ट्रीय सहयोग और सांस्कृतिक आदान-प्रदान का भी उत्सव रही। उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार युवाओं के बेहतर भविष्य के लिए खेलों को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है। मुख्यमंत्री ने बताया कि चैंपियनशिप देखने के लिए बड़ी संख्या में स्कूली विद्यार्थियों को भी आमंत्रित किया गया। इसका उद्देश्य बच्चों को विश्वस्तरीय खिलाड़ियों से प्रेरणा दिलाना और उन्हें खेलों में आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करना था। उन्होंने कहा कि खेल युवाओं में अनुशासन, नेतृत्व, टीम भावना और धैर्य जैसे गुणों का विकास करते हैं।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत अंतरराष्ट्रीय खेल प्रतियोगिताओं में शानदार प्रदर्शन करने के साथ-साथ बड़े खेल आयोजनों की सफल मेजबानी भी कर रहा है। दिल्ली में इस चैंपियनशिप का आयोजन देश की बढ़ती खेल क्षमता को दुनिया के सामने दिखाने का एक महत्वपूर्ण अवसर रहा। मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली का खेल भविष्य और भी बेहतर होने वाला है। वर्ष 2027 में राजधानी आईएसएफ वर्ल्ड स्कूल रेसलिंग चैंपियनशिप और आईएसएफ वर्ल्ड स्कूल बैडमिंटन चैंपियनशिप की मेजबानी करेगी। इसके अलावा दिल्ली सरकार ने नेशनल गेम्स और खेलो इंडिया गेम्स की मेजबानी के लिए भी दावेदारी पेश की है।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने भारतीय टीम को विशेष बधाई देते हुए कहा कि पुरुष और महिला दोनों टीम स्पर्धाओं में स्वर्ण पदक जीतकर भारतीय खिलाड़ियों ने देश का गौरव बढ़ाया है। उन्होंने सभी पदक विजेता खिलाड़ियों और प्रतियोगिता में शामिल सभी देशों के खिलाड़ियों को भी शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कॉमनवेल्थ टेबल टेनिस फेडरेशन, टेबल टेनिस फेडरेशन ऑफ इंडिया, आयोजन समिति, तकनीकी अधिकारियों, स्वयंसेवकों, सुरक्षा एजेंसियों और आयोजन से जुड़े सभी विभागों का भी आभार जताया। उन्होंने कहा कि सभी के सहयोग और बेहतर तालमेल से यह अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता सफलतापूर्वक पूरी हो सकी।

आशीष सूद ने कहा- दिल्ली को वैश्विक खेल मानचित्र पर मिली नई पहचान दिल्ली के शिक्षा एवं खेल मंत्री आशीष सूद ने कहा कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में दिल्ली को 22वीं कॉमनवेल्थ टेबल टेनिस चैंपियनशिप जैसे बड़े अंतरराष्ट्रीय आयोजन की मेजबानी का अवसर मिला। उन्होंने कहा कि इस आयोजन से दिल्ली की आयोजन क्षमता सामने आई है और इससे हजारों युवाओं व विद्यार्थियों को खेलों में आगे बढ़ने की प्रेरणा मिली है।
उन्होंने पुरुष और महिला दोनों टीम स्पर्धाओं में स्वर्ण पदक जीतने वाली भारतीय टीम को बधाई दी। साथ ही मलेशिया, सिंगापुर, इंग्लैंड, ऑस्ट्रेलिया सहित सभी देशों के खिलाड़ियों के प्रदर्शन और खेल भावना की भी सराहना की। आशीष सूद ने कहा कि चैंपियनशिप में 25 कॉमनवेल्थ देशों के खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया। पूरे आयोजन ने यह संदेश दिया कि खेल देशों की सीमाओं से ऊपर होते हैं और पूरी दुनिया को एक साथ जोड़ते हैं। खिलाड़ियों ने पदकों के लिए मुकाबला करने के साथ-साथ मित्रता, सम्मान और एकता की भावना को भी मजबूत किया।

उन्होंने कहा कि ऐसे अंतरराष्ट्रीय आयोजन दिल्ली के युवाओं को बड़े खिलाड़ियों से सीखने और खेलों में अपना करियर बनाने के लिए प्रेरित करते हैं। उन्होंने आयोजन से जुड़े सभी संगठनों, अधिकारियों, कोचों, स्वयंसेवकों और सहभागी देशों का आभार जताया। 22वीं कॉमनवेल्थ टेबल टेनिस चैंपियनशिप 2026 में भारतीय खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन किया। भारत ने कुल 16 पदक अपने नाम किए और कई स्पर्धाओं में अपना दबदबा कायम रखा।
महिला और पुरुष एकल वर्ग में भारतीय खिलाड़ियों ने स्वर्ण और रजत पदक जीते। महिला युगल में भी भारत ने स्वर्ण और रजत पदक हासिल किए। मिश्रित युगल में भारतीय जोड़ी ने स्वर्ण पदक जीता। वहीं पुरुष युगल में भारत ने रजत और कांस्य पदक अपने नाम किए। इसके अलावा पुरुष और महिला टीम स्पर्धाओं में भी भारत ने स्वर्ण पदक जीतकर शानदार प्रदर्शन किया। भारतीय खिलाड़ियों के इस प्रदर्शन ने देश का गौरव बढ़ाने के साथ ही अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारतीय टेबल टेनिस की मजबूत स्थिति को भी दिखाया।