Bihar: बिहार के गया जिले में फल्गु नदी पर बने केनी पुल की हालत ने सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंताएं खड़ी कर दी हैं। हालांकि इस पुल पर पहले की तरह ही आवाजाही जारी है। क्षतिग्रस्त खंभे और बाहर निकली लोहे की छड़ें 64 करोड़ रुपये की लागत से बनाए गए इस पुल की बदहाली की कहानी बयां कर रहे हैं।
लोगों को डर सता रहा है कि ये पुल कभी भी ढह सकता है। भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान, पटना के विशेषज्ञों की एक टीम द्वारा किए गए हालिया सर्वेक्षण में इस पुल को 'अत्यधिक असुरक्षित' घोषित किया गया है, और इसमें तत्काल मरम्मत की जरूरत बताई गई है।
1990 से गया नगर सीट पर काबिज बीजेपी विधायक और बिहार विधानसभा के अध्यक्ष प्रेम कुमार ने भी माना है कि केनी पुल की जर्जर हालत को लेकर इलाके के लोगों ने उनसे शिकायत की है। उन्होंने कहा कि सरकार पूरे राज्य में कमजोर पुलों का सर्वेक्षण कर रही है, और जल्द ही इस पर कार्रवाई की जाएगी।
गया के लोगों ने सरकार से मांग की है कि किसी भी हादसे से पहले या तो पुल की मरम्मत कराई जा या उसे फिर से बनवाया जाए। हालांकि 'अत्यधिक असुरक्षित' घोषित किए जा चुके केनी पुल से लोगों की आवाजाही लगातार जारी है। भले ही इसके नीचे टूटे हुए खंभे खतरे की चेतावनी दे रहे हों।