अमरनाथ यात्रा 2026 को देखते हुए जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग (NH-44) पर सुरक्षा व्यवस्था और सख्त कर दी गई है। श्रद्धालुओं और आम लोगों की सुरक्षा के लिए सुरक्षा बल लगातार निगरानी कर रहे हैं। सुरक्षा एजेंसियां रात में नाइट डॉमिनेशन अभियान, क्विक रिस्पॉन्स टीम (QRT) की गश्त और हाईवे पर कई जगह वाहनों की सघन जांच कर रही हैं। सुरक्षा बलों की संयुक्त टीमें पूरे मार्ग पर नजर बनाए हुए हैं ताकि यात्रा सुरक्षित और बिना किसी रुकावट के जारी रहे।
इसी कड़ी में रामबन जिले के बनिहाल इलाके में सुरक्षा बलों ने संयुक्त जांच अभियान चलाकर वाहनों की गहन तलाशी ली और सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। अमरनाथ यात्रा के दौरान सीआरपीएफ (CRPF) सुरक्षा के साथ-साथ श्रद्धालुओं की स्वास्थ्य सेवाओं का भी ध्यान रख रही है। रामबन जिले के चंदरकोट में CRPF की 84वीं बटालियन ने एक मोबाइल हेल्थ कैंप शुरू किया है, जहां यात्रियों और स्थानीय लोगों को 24 घंटे चिकित्सा सुविधा दी जा रही है।
इस मेडिकल कैंप में डॉक्टर, पैरामेडिकल स्टाफ, एडवांस लाइफ सेविंग एंबुलेंस और जरूरी दवाइयों की व्यवस्था की गई है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत इलाज मिल सके। इस वर्ष 57 दिनों की अमरनाथ यात्रा 3 जुलाई से शुरू हुई है और 28 अगस्त को रक्षाबंधन के दिन समाप्त होगी। प्रशासन का कहना है कि यात्रा को सुरक्षित और शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने के लिए सभी जरूरी इंतजाम किए गए हैं।