मुंबई, 19 अक्टूबर (भाषा) निजी बैंकों में भारी बिकवाली और कमजोर वैश्विक रुख के चलते शेयर बाजार में दो कारोबारी सत्रों की तेजी के बाद सोमवार को जोरदार गिरावट दर्ज की गई। इस दौरान प्रमुख शेयर सूचकांक सेंसेक्स 876.37 अंक लुढ़क गया, जबकि निफ्टी फिसलकर 22,888.95 अंक पर बंद हुआ।
बीएसई का 30 शेयरों पर आधारित मानक सूचकांक सेंसेक्स 876.37 अंक यानी 1.17 प्रतिशत टूटकर 73,852.90 अंक पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान एक समय यह 1,020.73 अंक यानी 1.36 प्रतिशत तक टूटकर 73,708.54 अंक पर आ गया था।
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का 50 शेयरों वाला मानक सूचकांक निफ्टी भी 257.20 अंक यानी 1.11 प्रतिशत की गिरावट के साथ 22,888.95 अंक पर आ गया।
सेंसेक्स की कंपनियों में एक्सिस बैंक का शेयर सबसे अधिक 3.85 प्रतिशत टूटा। इसके अलावा अल्ट्राटेक सीमेंट, इन्फोसिस, बजाज फाइनेंस, ट्रेंट, एनटीपीसी और एचडीएफसी बैंक नुकसान में रहने वाले प्रमुख शेयर में शामिल रहे।
निजी बैंकों के सितंबर तिमाही के वित्तीय नतीजे निवेशकों को उत्साहित करने में विफल रहे। एचडीएफसी बैंक का शेयर दो प्रतिशत से अधिक टूट गया।
दूसरी ओर, अदाणी पोर्ट्स, भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई), लार्सन एंड टुब्रो, इंटरग्लोब एविएशन और मारुति सुजुकी इंडिया के शेयर बढ़त के साथ बंद हुए।
जियोजीत इन्वेस्टमेंट्स लिमिटेड के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा, ‘‘कमजोर वैश्विक संकेतों तथा निजी बैंकों और आईटी शेयरों में बिकवाली से निवेशकों की धारणा प्रभावित हुई। ऐसे में भारतीय शेयर बाजार नए सिरे से बिकवाली के दबाव में आ गए, जिससे हालिया सुधार का रुख पलट गया। तिमाही नतीजों और मार्जिन परिदृश्य पर चिंताओं के कारण निजी बैंक दबाव में रहे। इसके विपरीत, अपेक्षाकृत बेहतर मार्जिन और परिसंपत्ति गुणवत्ता के सहारे सरकारी (पीएसयू) बैंकों ने गिरावट का मुकाबला किया।''
बीएसई मिडकैप सिलेक्ट सूचकांक 0.97 प्रतिशत गिरा और स्मॉलकैप सिलेक्ट सूचकांक में 0.53 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई।
बीएसई के क्षेत्रवार सूचकांकों की बात करें तो आवास वित्त 2.42 प्रतिशत, एफएमसीजी 1.51 प्रतिशत, आईटी 1.38 प्रतिशत, बीमा 1.33 प्रतिशत, जिंस 1.28 प्रतिशत, शीर्ष 10 बैंक 1.23 प्रतिशत और अस्पताल के शेयर 1.22 प्रतिशत टूट गए। दूसरी ओर, पीएसयू बैंक सूचकांक 2.60 प्रतिशत बढ़ा।
शोध फर्म एचएसटी वेल्थ के संस्थापक और मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) हरिसैलवन राधाकृष्णन ने कहा, ''भारतीय शेयर बाजारों ने शुक्रवार की बढ़त गंवा दी। सूचकांक में भारी वजन रखने वाले निजी बैंकों में बिकवाली, वैश्विक स्तर पर आईटी क्षेत्र के कमजोर संकेतों और निफ्टी के 23,000 के स्तर से नीचे फिसलने से गिरावट और तेज हो गई।''
उन्होंने कहा कि शुद्ध लाभ में बढ़ोतरी के बावजूद निवेशकों का ध्यान मार्जिन पर दबाव, ऊंची परिचालन लागत और कमजोर आय पर रहा, जिससे एचडीएफसी बैंक, एक्सिस बैंक और अन्य निजी बैंकों में बिकवाली देखने को मिली।
दशहरा के उपलक्ष्य में शेयर बाजार मंगलवार को बंद रहेंगे।
शेयर बाजार के आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने शुक्रवार को शुद्ध रूप से 1,165.92 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे।
अंतरराष्ट्रीय तेल मानक ब्रेंट क्रूड 1.07 प्रतिशत गिरकर 108.7 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया।
एशिया के अन्य बाजारों में दक्षिण कोरिया का कॉस्पी और चीन का शंघाई कम्पोजिट बढ़त के साथ बंद हुए, जबकि जापान का निक्की 225 गिरावट में रहा। यूरोप के प्रमुख बाजार दोपहर के समय गिरावट के रुख के साथ कारोबार कर रहे थे।
इससे पहले शुक्रवार को सेंसेक्स 413.66 अंक यानी 0.56 प्रतिशत चढ़कर 74,729.27 अंक पर बंद हुआ था। वहीं निफ्टी 148.80 अंक यानी 0.65 प्रतिशत की तेजी के साथ 23,146.15 अंक पर था।
भाषा पाण्डेय योगेश
योगेश