जम्मू, 17 अक्टूबर (भाषा) जम्मू-कश्मीर क्षत्रिय समाज की ओर से श्रीनगर के बाहरी इलाके में स्थित बलहामा गांव के 'श्री बाला देवी जी मंदिर' के लिए आयोजित दो दिवसीय तीर्थयात्रा शनिवार को जम्मू से शुरू हुई। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता जोरावर सिंह जम्वाल ने इस पहल को ऐतिहासिक शुरुआत बताते हुए कहा कि इससे सांप्रदायिक सौहार्द को बढ़ावा मिलेगा।
आयोजकों ने बताया कि इस मंदिर में क्षत्रिय समाज की ‘कुलदेवी’ की पूजा की जाती है।
जम्मू-कश्मीर प्रदेश भाजपा के प्रवक्ता जम्वाल ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘इस तीर्थयात्रा का उद्देश्य युवा पीढ़ी को कश्मीर में सनातन धर्म की जड़ों से जोड़ना और उन्हें क्षेत्र की समृद्ध सांस्कृतिक एवं धार्मिक विरासत से परिचित कराना है, जिसे दशकों के आतंकवाद के बावजूद नष्ट नहीं किया जा सका।’’
भाजपा विधायक आर. एस. पठानिया के साथ तीर्थयात्रा का नेतृत्व कर रहे जम्वाल ने कहा कि दो दिवसीय यात्रा का उद्देश्य कश्मीर की प्राचीन धार्मिक विरासत के बारे में जागरूकता बढ़ाना है।
उन्होंने कहा कि श्रीनगर की ओर बढ़ रहे तीर्थयात्रियों के जत्थे में उधमपुर, रामबन, डोडा, किश्तवाड़ और अन्य क्षेत्रों से भी श्रद्धालुओं के शामिल होने की उम्मीद है।
जम्वाल ने कहा, ‘‘हम आज शाम तक गंतव्य पर पहुंच जाएंगे। कल अष्टमी के अवसर पर माता रानी की पूजा-अर्चना और हवन किया जाएगा।’’
जम्वाल ने कहा कि इस मंदिर को श्रद्धालु हजारों साल पुराना मानते हैं। उन्होंने कहा कि स्थानीय मुस्लिम समुदाय इसकी देखरेख करता रहा है, जो क्षेत्र में सांप्रदायिक सद्भाव की परंपरा को दर्शाता है।
भाषा शुभम शफीक
शफीक