बिहारशरीफ, 16 अक्टूबर (भाषा) बिहार के नालंदा जिले में जिस ‘उत्पाद सिपाही’ की मौत शराब तस्करों की गोली लगने से होने की आशंका जताई गई थी, उसकी मौत पुलिस की गोली लगने से हुई थी। जिला पुलिस ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।
अधिकारियों ने बताया कि घटना बुधवार रात पावापुरी-गिरियक इलाके में एक फ्लाईओवर के पास हुई थी। उस समय उत्पाद विभाग की एक टीम शराब से लदे पिकअप वाहन का पीछा कर रही थी। इस टीम में कांस्टेबल अजीत कुमार भी शामिल थे।
प्रारंभिक जांच के आधार पर उत्पाद अधीक्षक संजय कुमार चौधरी ने बृहस्पतिवार को कहा था कि सिपाही की मौत शराब तस्करों की गोली लगने से हुई।
हालांकि, आगे की जांच के बाद पुलिस ने बताया कि अजीत कुमार को टीम के साथ मौजूद एक होमगार्ड जवान की राइफल से निकली गोली लगी थी।
उन्होंने बताया कि घटना की जांच के लिए राजगीर के एसडीपीओ के नेतृत्व में गठित विशेष जांच दल (एसआईटी) ने यह भी पाया कि अभियान में शामिल कर्मियों के बयानों में विसंगतियां थीं।
पुलिस ने कथित तौर पर गोली चलाने में इस्तेमाल हथियार जब्त कर लिया है। घटनास्थल से नहीं दग सके दो कारतूस भी बरामद किए गए हैं।
पुलिस अधीक्षक (एसपी) हृदय कांत ने बताया कि तीन खाली कारतूसों की तलाश की जा रही है।
कांत ने बताया कि शुक्रवार सुबह जब्त किए गए वाहन के आगे और पीछे, दोनों तरफ गोली लगने के निशान मिले हैं। उन्होंने कहा कि चोटों और अन्य साक्ष्यों की जांच की जा रही है। पुलिस अधीक्षक के अनुसार, उत्पाद विभाग की टीम पिकअप वाहन का पीछा कर रही थी, तभी उसने महिला उपनिरीक्षक पुष्पा से मदद मांगी।
पुष्पा वाहन से आगे पहुंचीं और कथित तौर पर पिकअप को रोकने की कोशिश की। अभियान के दौरान हवाई फायरिंग का आदेश दिया गया, जिसके बाद होमगार्ड जवान ने अपनी राइफल से गोली चलाई।
कांत ने कहा कि बुधवार रात की घटना होने के बावजूद इसकी सूचना स्थानीय थाने या वरिष्ठ अधिकारियों को नहीं दी गई थी। उन्होंने साक्ष्य छिपाने की कथित कोशिशों का भी उल्लेख किया।
उन्होंने कहा, ‘‘वाहन को पुलिस के हवाले करने के बजाय पटना ले जाया गया और शुरुआत में हथियार तथा गोलीबारी के बारे में जानकारी नहीं दी गई। उपनिरीक्षक पुष्पा का आचरण संदिग्ध है। उन पर साक्ष्य छिपाने में भूमिका निभाने का भी संदेह है।’’
पुलिस ने इस मामले में पुष्पा और दो होमगार्ड जवानों को गिरफ्तार किया है। इसके अलावा छापेमारी के लिए इस्तेमाल किए गए निजी वाहन के चालक और एक अन्य कांस्टेबल अनूप को भी गिरफ्तार किया गया है।
भाषा सं कैलाश
मनीषा संतोष
संतोष