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वेनेजुएला के पूर्व राष्ट्रपति मादुरो ने यातना देने के नए आरोपों को ‘झूठा’ बताया

न्यूयॉर्क, 16 अक्टूबर (एपी) वेनेजुएला के पूर्व राष्ट्रपति निकोलस मादुरो ने उन पर और उनकी पत्नी पर लगाए गए यातना देने के नए आरोपों को अदालत में बृहस्पतिवार को ‘झूठा’ करार दिया।

मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस को पैरों में बेड़ियां लगाकर अदालत में पेश किया गया। दोनों के खिलाफ संशोधित अभियोग में मादक पदार्थों की तस्करी के पहले से लगे आरोपों के अलावा अब सरकार प्रायोजित दमन अभियान चलाने का भी आरोप लगाया गया है। इस अभियान के तहत तीन अमेरिकी नागरिकों समेत बड़ी संख्या में लोगों को यातनाएं देने का आरोप है।

न्यायाधीश ने मादुरो से दो बार पूछा कि वह अपने खिलाफ लगे आरोपों को स्वीकार करते हैं या नहीं, लेकिन उन्होंने इसका सीधा जवाब देने के बजाय अदालत में मौजूद दुभाषिये के माध्यम से आरोपों एवं गवाही को ‘‘झूठा’’ करार दिया।

इस पर न्यायाधीश एल्विन के. हेलरस्टीन ने हस्तक्षेप करते हुए कहा, ‘‘मादुरो की ओर से खुद को निर्दोष बताने की दलील दर्ज की जाएगी।’’

वहीं, फ्लोरेस का रुख अपेक्षाकृत शांत रहा। उन्होंने कहा कि उन्होंने नए अभियोग का स्पेनिश भाषा में लिखा संस्करण पढ़ लिया है। इसके बाद उन्होंने दुभाषिये के माध्यम से न्यायाधीश से कहा, ‘‘मैं पूरी तरह निर्दोष हूं। मैं दोषी नहीं हूं।’’

अमेरिकी सेना ने जनवरी में मादुरो और उनकी पत्नी को काराकस स्थित उनके आवास से हिरासत में लिया था।

न्यायाधीश ने बृहस्पतिवार को मुकदमे की सुनवाई के लिए नए कार्यक्रम को मंजूरी दी, जिसके अनुसार सुनवाई 14 जून, 2027 से शुरू होगी। यह पहले निर्धारित तारीख से दो सप्ताह बाद है।

पिछली पेशियों की तरह इस बार भी मादुरो और फ्लोरेस ने हेडफोन के जरिए दुभाषिये की सहायता से अदालती कार्यवाही सुनी। चश्मा लगाए मादुरो बीच-बीच में अपने सामने रखे दस्तावेज देखते रहे।

मादुरो के वकील बैरी पोलाक ने पिछले सप्ताह नए आरोपों की घोषणा होने पर कहा था कि 63 वर्षीय मादुरो इन आरोपों से इनकार करते हैं और अदालत में अपना पक्ष रखने के अवसर का इंतजार कर रहे हैं।

संशोधित अभियोग के अनुसार, मादुरो एक ऐसी हिंसक यातना व्यवस्था की निगरानी करते थे जिसके तहत लोगों को पीटा जाता था, उनका दम घोंटा जाता था और उन्हें बिजली के झटके दिए जाते थे। मादुरो पर यातना देने के तरीके व्यक्तिगत रूप से सुझाने, कुछ खास पीड़ितों के साथ किए जा रहे व्यवहार की जानकारी लेने और मानसिक रूप से प्रताड़ित करने के लिए एक कैदी के बच्चे की हत्या करने की धमकी देने का भी आरोप है।

अभियोग में आरोप लगाया गया है कि 70 वर्षीय फ्लोरेस ने भी इस दमनकारी व्यवस्था को विकसित करने में मदद की और कुछ लोगों को यातनाएं देने का आदेश दिया। फ्लोरेस वेनेजुएला की पूर्व अटॉर्नी जनरल हैं।

मादुरो 2013 से लेकर इस साल जनवरी में हिरासत में लिए जाने तक वेनेजुएला के राष्ट्रपति रहे।

मादुरो और उनकी पत्नी ने अमेरिका में मादक पदार्थों से जुड़े एक मामले में इस वर्ष की शुरुआत में खुद को निर्दोष बताया था। उस मामले में दोनों पर अमेरिका में बड़े पैमाने पर कोकीन पहुंचाने की साजिश रचने का आरोप है।

एपी सिम्मी वैभव

वैभव