Breaking News

यूपी-बिहार, कर्नाटक, महाराष्ट्र में आज आएंगे MLC चुनाव के नतीजे     |   इजरायल में आम चुनाव आज, होगी वोटिंग     |   गुवाहाटी के होटल में हुई फायरिंग में इस्तेमाल हथियार जब्त, 5 की मौत     |   चक्रवात 'ऑर्नब' को लेकर आंध्र प्रदेश में अलर्ट, भारी बारिश की आशंका     |   यूक्रेन की राजधानी कीव में जबरदस्त धमाका, कल रूस ने भी किया था अटैक     |  

दिल्ली में प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लेने के दौरान छह पुलिस कर्मी घायल

नयी दिल्ली, 10 अक्टूबर (भाषा) राष्ट्रीय राजधानी में जंतर-मंतर से लगे इलाकों में शनिवार को लगभग 3,000 प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिए जाने के दौरान दिल्ली पुलिस के छह कर्मियों को चोटें आईं, जिनमें 'पिंक फोर्स' की एक महिला सदस्य भी शामिल है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने यह जानकारी दी।

उन्होंने बताया कि कम से कम दो स्थानों पर सुरक्षा कर्मियों पर पथराव भी हुए।

घायल सुरक्षा कर्मियों को इलाज के लिए आस-पास के अस्पतालों में ले जाया गया और उनके घायल होने की परिस्थितियों का पता लगाया जा रहा है।

‘पिंक फोर्स’ की कर्मी सुमन ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया कि कनॉट प्लेस स्थित हनुमान मंदिर के पास प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लेते समय उनकी उंगली में फ्रैक्चर आ गया।

उन्होंने कहा, ‘‘हनुमान मंदिर के पास विरोध प्रदर्शन हो रहा था, जहां लगभग 100-150 लोग एकत्र थे। हमने प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया, और उस दौरान कुछ महिलाओं ने मेरी उंगली मरोड़ दी, जिससे उसमें फ्रैक्चर हो गया।’’

उन्होंने बताया कि महिलाओं को हिरासत में ले लिया गया, 'लेकिन मैं यह नहीं बता सकती कि किसने मेरी उंगली मरोड़ी, क्योंकि इतनी अधिक भीड़ में किसी एक व्यक्ति की पहचान करना मुश्किल है। शांति व्यवस्था बनाए रखा जाना चाहिए। लोगों को ऐसे विरोध-प्रदर्शन से बचना चाहिए, जिनसे अशांति फैले या देश की छवि खराब हो। भारत में कुछ भी होता है, उस पर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा होती है।'

सुमन ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘मैं सभी से अपील करती हूं कि वे इस तरह के विरोध-प्रदर्शन न करें और न ही अशांति फैलाएं। मुझे या किसी अन्य सुरक्षाकर्मी को लगी चोटों के बावजूद, हम देश के प्रति अपना कर्तव्य निभाने से पीछे नहीं हटेंगे।’’

सुरक्षाकर्मियों पर पथराव की कम से कम दो घटनाओं की सूचना मिली है, जिनमें आकाशवाणी भवन और हनुमान मंदिर के पास के स्थान शामिल हैं।

पुलिस के मुताबिक, आकाशवाणी भवन के पास इम्तियाज अली मार्ग पर प्रदर्शनकारियों द्वारा बैरिकेड गिराये जाने के बाद पुलिसकर्मियों पर पथराव किया गया। दोपहर के समय, स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआई) के सदस्यों समेत 25-30 प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेड गिरा दिए और सुरक्षाकर्मियों पर पथराव किए। पुलिस ने बताया कि कुछ प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया गया है।

कर्तव्य पथ पुलिस थाने के पास सुरक्षाकर्मियों को चोटें आईं। पुलिस के एक सूत्र ने बताया कि कॉकरोच जनता पार्टी (कॉजपा), आम आदमी पार्टी (आप) के कई नेताओं और अलग-अलग संगठनों के प्रदर्शनकारियों समेत 3,000 से ज़्यादा लोगों को हिरासत में लिया गया।

कॉजपा द्वारा निर्वाचन आयोग के खिलाफ जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन की घोषणा के बाद, राष्ट्रीय राजधानी में सुरक्षा कड़ी कर दी गई थी और इसी दौरान यह कार्रवाई की गई।

पुलिस ने नयी दिल्ली जिले में कानून-व्यवस्था की मौजूदा स्थिति और निषेधाज्ञा का हवाला देते हुए प्रदर्शन की अनुमति देने से इनकार कर दिया था।

मनाही के बावजूद, कई प्रदर्शनकारियों ने प्रदर्शन स्थल तक पहुंचने की कोशिश की, जिसके बाद पुलिस ने उन्हें अलग-अलग स्थानों पर हिरासत में ले लिया। राष्ट्रीय राजधानी में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किये गए थे और कानून-व्यवस्था बिगड़ने से रोकने के लिए पुलिस और अर्धसैनिक बल के हजारों जवानों को तैनात किया गया था।

नयी दिल्ली जिले को 20 जोन में बांटा गया और विशेष पुलिस आयुक्त, उपायुक्त और अतिरिक्त उपायुक्त जैसे वरिष्ठ अधिकारी हालात पर नजर रख रहे थे।

महत्वपूर्ण सड़कों और प्रवेश स्थानों पर भी पुलिसकर्मी तैनात किए गए थे, जबकि प्रदर्शनकारियों की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए ड्रोन का इस्तेमाल किया गया।

भाषा सुमित सुभाष अविनाश

अविनाश