स्वतंत्रता दिवस से पहले आयोजित ‘रंग दे बसंती’ कार्यक्रम के दूसरे दिन लखनऊ में Gen-Z युवाओं ने वॉल पेंटिंग अभियान के जरिए अपने विचारों और संदेशों को दीवारों पर उकेरा। युवाओं ने पेंटिंग के माध्यम से उत्तर प्रदेश में माफिया राज से कानून के राज तक हुए बदलाव को रचनात्मक अंदाज में सामने रखा। कार्यक्रम के दौरान छात्रों ने लखनऊ की दीवारों पर अलग-अलग चित्रों के जरिए प्रदेश के पुराने दौर और मौजूदा बदलाव की तस्वीर पेश की। पेंटिंग्स के माध्यम से युवाओं ने अपने साथी Gen-Z से अपनी ऊर्जा को सकारात्मक दिशा में लगाने और राजनीतिक दलों के प्रभाव में आने से बचने की अपील की।
दीवारों पर दिखी बदलते यूपी की तस्वीर

वॉल पेंटिंग अभियान में युवाओं ने अपने संदेशों और चित्रों के जरिए यह बताने की कोशिश की कि किस तरह प्रदेश में कानून-व्यवस्था और विकास को लेकर बदलाव देखने को मिला है। छात्रों ने अपनी कला के माध्यम से युवा पीढ़ी को जागरूक और जिम्मेदार नागरिक बनने का संदेश दिया। आयोजकों के मुताबिक, ‘रंग दे बसंती’ कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं को देश और समाज के प्रति उनकी जिम्मेदारी का एहसास कराना और उनकी रचनात्मक ऊर्जा को सकारात्मक दिशा देना है।

इससे पहले कार्यक्रम के पहले दिन प्रयागराज में कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया था। कवियों ने अपनी रचनाओं के माध्यम से बदलते उत्तर प्रदेश की तस्वीर और युवा शक्ति के महत्व को सामने रखा था। ‘रंग दे बसंती’ कार्यक्रम के दूसरे दिन लखनऊ में हुए वॉल पेंटिंग अभियान में युवाओं की रचनात्मक भागीदारी ने स्वतंत्रता दिवस से पहले राष्ट्रप्रेम, जागरूकता और सकारात्मक बदलाव का संदेश दिया।