Breaking News

‘कायरो हम तुम्हें याद रखेंगे’, NATO देशों पर भड़के अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप     |   ‘अमेरिका के बिना NATO कागजी शेर’, यूएस राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का ट्रूथ पर पोस्ट     |   ‘अमेरिका के बिना NATO कागजी शेर’, यूएस राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का ट्रूथ पर पोस्ट     |   ईरान युद्ध को लेकर चीन के विदेश मंत्री ने फ्रांसीसी राष्ट्रपति के सलाहकार से बात की     |   अमेरिका ने टॉप 5 IRGC अधिकारियों का पोस्टर जारी किया, 10 मिलियन डॉलर का इनाम रखा     |  

पश्चिम एशिया संकट पर पीएम मोदी सक्रिय: 5 देशों के नेताओं से बातचीत, शांति और कूटनीति पर जोर

नई दिल्ली: Narendra Modi ने पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच गुरुवार को पांच देशों के नेताओं से बातचीत कर स्थिति पर चर्चा की और शांति बहाली के लिए संवाद और कूटनीति पर जोर दिया।

बता दे की, विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Randhir Jaiswal के अनुसार, प्रधानमंत्री ने Oman, Malaysia, France, Jordan और Qatar के नेताओं से बातचीत की। पीएम मोदी ने इन सभी वार्ताओं में पश्चिम एशिया के हालात पर भारत का पक्ष रखा और तनाव कम करने के लिए बातचीत को प्राथमिकता देने की बात कही। उन्होंने ऊर्जा ढांचे पर हो रहे हमलों की कड़ी निंदा की और Strait of Hormuz में सुरक्षित और निर्बाध समुद्री आवाजाही की आवश्यकता पर जोर दिया।

Haitham bin Tariq Al Said से बातचीत के दौरान प्रधानमंत्री ने ईद की अग्रिम शुभकामनाएं दीं और ओमान की संप्रभुता के उल्लंघन की निंदा की। साथ ही, भारतीय नागरिकों की सुरक्षित वापसी में ओमान की मदद की सराहना की। Anwar Ibrahim के साथ बातचीत में दोनों नेताओं ने पश्चिम एशिया के हालात पर चिंता जताई और आने वाले ईद पर्व की शुभकामनाएं साझा कीं। फ्रांस के राष्ट्रपति Emmanuel Macron के साथ बातचीत में क्षेत्रीय शांति और स्थिरता के लिए समन्वय बढ़ाने पर सहमति बनी।

वहीं Abdullah II के साथ बातचीत में ऊर्जा और वस्तुओं की निर्बाध आपूर्ति बनाए रखने पर जोर दिया गया। भारत ने संघर्ष के दौरान फंसे भारतीयों की मदद के लिए जॉर्डन का आभार भी जताया। Tamim bin Hamad Al Thani से बातचीत में पीएम मोदी ने कतर और वहां रह रहे भारतीय समुदाय के समर्थन के लिए धन्यवाद दिया और ऊर्जा ढांचे पर हमलों की निंदा दोहराई।

सरकार ने साफ किया कि भारत पश्चिम एशिया में शांति और स्थिरता के लिए हर स्तर पर प्रयास जारी रखेगा और अंतरराष्ट्रीय सहयोग के जरिए समाधान की दिशा में काम करेगा।