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केंद्रीय मंत्रिमंडल ने शुभांशु शुक्ला के अंतरिक्ष मिशन की सराहना की

केंद्रीय मंत्रिमंडल ने अंतरिक्ष यात्री शुभांशु शुक्ला को अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (आईएसएस) पर उनके ऐतिहासिक 18 दिवसीय मिशन के सफल समापन पर बधाई दी और कहा कि इससे देश के अंतरिक्ष कार्यक्रम में एक नया अध्याय शुरू हुआ है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई बैठक में मंत्रिमंडल ने एक प्रस्ताव पारित किया, जिसमें शुक्ला की अंतरिक्ष यात्रा को पूरे देश के लिए गर्व, गौरव और खुशी का क्षण बताया गया।
इसमें कहा गया है कि इस यात्रा ने भारत की असीम आकांक्षाओं का प्रतिनिधित्व किया।

सूचना एवं प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बैठक में पारित संकल्प को पढ़ते हुए कहा, ‘‘मंत्रिमंडल, अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन पर अपने ऐतिहासिक 18 दिवसीय मिशन के सफल समापन के बाद ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला की पृथ्वी पर वापसी का जश्न मनाने में राष्ट्र के साथ शामिल है।’’ भारतीय वायुसेना के ग्रुप कैप्टन शुक्ला और निजी एक्सिओम-4 मिशन के तीन अन्य अंतरिक्ष यात्री अंतरिक्ष में 20 दिन बिताने के बाद मंगलवार को पृथ्वी पर लौट आए।

इस 20 दिन की अवधि में 18 दिन उन्होंने आईएसएस पर बिताए। संकल्प में कहा गया है कि ये मिशन अंतरिक्ष अन्वेषण के क्षेत्र में भारत को ऊंचाइयों पर ले जाता है। इसमें कहा गया है, ‘‘ये गगनयान और भारतीय अंतरिक्ष स्टेशन सहित भारत की अपनी मानव अंतरिक्ष उड़ान महत्वाकांक्षा की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। ये मानव अंतरिक्ष अन्वेषण में अग्रणी रहने के भारत के संकल्प की पुष्टि करता है।’’ एक्सिओम-4 मिशन के तहत अंतरिक्ष यात्री 25 जून 2025 को अंतरिक्ष के लिए रवाना हुए थे।

ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला इसमें मिशन पायलट के रूप में शामिल थे। मंत्रिमंडल ने भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) और देश के वैज्ञानिकों एवं इंजीनियरों के पूरे समुदाय की सराहना की, जिनके अथक प्रयासों से ये उपलब्धि संभव हो पाई। आईएसएस पर रहते हुए ग्रुप कैप्टन शुक्ला ने अन्य अंतरिक्ष यात्रियों के साथ मिलकर अनेक प्रयोग किए। ये अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष सहयोग में भारत के बढ़ते नेतृत्व भूमिका का प्रमाण है।