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असम विधानसभा में 26 मई को पेश होगा UCC विधेयक, कैबिनेट ने दी मंजूरी: CM Himanta Biswa Sarma

असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने बुधवार को घोषणा की कि राज्य सरकार 26 मई को विधानसभा में यूनिफॉर्म सिविल कोड (UCC) विधेयक पेश करेगी। यह नवगठित विधानसभा के पहले सत्र का अंतिम दिन होगा। नई सरकार की पहली कैबिनेट बैठक के बाद मीडिया से बातचीत में मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य मंत्रिमंडल ने यूसीसी के मसौदे को मंजूरी दे दी है। विधानसभा का पहला सत्र 21, 22, 25 और 26 मई को आयोजित होगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि इस विधेयक में विवाह, तलाक, उत्तराधिकार, लिव-इन रिलेशनशिप और शादी के अनिवार्य पंजीकरण जैसे प्रावधान शामिल होंगे। उन्होंने बताया कि यह कानून काफी हद तक गुजरात, उत्तराखंड और गोवा में लागू मॉडलों के अनुरूप होगा। हालांकि, सरमा ने स्पष्ट किया कि असम के आदिवासी समुदायों को इस कानून से पूरी तरह बाहर रखा जाएगा। उन्होंने कहा कि राज्य में विभिन्न जनजातियों की अपनी परंपराएं, रीति-रिवाज और सामाजिक व्यवस्थाएं हैं, जिनका सम्मान किया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि नई विधानसभा के पहले सत्र में नवनिर्वाचित विधायक शपथ लेंगे और राज्यपाल सदन को संबोधित करेंगे। सरकार ने वरिष्ठ भाजपा नेता चंद्र मोहन पटोवारी को प्रोटेम स्पीकर नियुक्त करने का अनुरोध राज्यपाल से किया है। शपथ ग्रहण के बाद विधानसभा अध्यक्ष का चुनाव होगा। एनडीए की ओर से रंजीत कुमार दास को स्पीकर पद का उम्मीदवार घोषित किया गया है।

सरमा ने कहा कि मंत्रिमंडल का विस्तार विधानसभा सत्र के बाद किया जाएगा और मंत्रियों के विभागों की घोषणा अभी नहीं की गई है। यूनिफॉर्म सिविल कोड (UCC) का उद्देश्य विभिन्न धर्मों और समुदायों के अलग-अलग व्यक्तिगत कानूनों की जगह सभी नागरिकों के लिए विवाह, तलाक और उत्तराधिकार से जुड़े मामलों में एक समान कानून लागू करना है।