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स्पोर्ट्स इक्विपमेंट मैन्युफैक्चरिंग में भारत को बड़ा मौका, NITI Aayog ने बताए सुधार के रास्ते

नई दिल्ली: NITI Aayog की एक रिपोर्ट के अनुसार भारत के पास स्पोर्ट्स इक्विपमेंट मैन्युफैक्चरिंग में वैश्विक हब बनने का बड़ा अवसर है, लेकिन कई संरचनात्मक चुनौतियां अभी भी इसके निर्यात को सीमित कर रही हैं।

बता दे की, वैश्विक स्पोर्ट्स इक्विपमेंट बाजार, जिसकी वर्तमान वैल्यू करीब 140 अरब डॉलर है, 2036 तक बढ़कर लगभग 300 अरब डॉलर तक पहुंच सकता है। इसके बावजूद भारत की हिस्सेदारी वैश्विक निर्यात में केवल 0.5% के आसपास है। साल 2024 में भारत ने करीब 275 मिलियन डॉलर के स्पोर्ट्स सामान का निर्यात किया, जिसमें क्रिकेट गियर, इनफ्लेटेबल बॉल और फिटनेस उपकरण प्रमुख रहे। वही, भारत में इस सेक्टर का आधार MSME उद्योग हैं, जिनके प्रमुख क्लस्टर Jalandhar और Meerut में स्थित हैं। हालांकि यहां कारीगरी मजबूत है, लेकिन सेक्टर बिखरा हुआ है और तकनीक, स्केल और ग्लोबल कनेक्टिविटी की कमी से जूझ रहा है।

वही, 2036 तक भारत के लिए 8.1 अरब डॉलर का निर्यात अवसर है, जिससे करीब 54 लाख रोजगार पैदा हो सकते हैं। लेकिन इसे हासिल करने के लिए कच्चे माल की ऊंची कीमत, महंगी जमीन, कमजोर लॉजिस्टिक्स और उन्नत मशीनरी की कमी जैसी समस्याओं को दूर करना होगा। इन कारणों से भारत को चीन और पाकिस्तान जैसे देशों के मुकाबले 10-20% लागत नुकसान झेलना पड़ता है। डिमांड साइड पर भी चुनौतियां हैं। भारतीय ब्रांड्स की वैश्विक पहचान कमजोर है, बड़े अंतरराष्ट्रीय ब्रांड्स के साथ साझेदारी सीमित है और खिलाड़ियों द्वारा प्रमोशन भी कम है। इसके अलावा, ट्रेड बैरियर और फ्री ट्रेड एग्रीमेंट में पर्याप्त प्रावधानों की कमी भी बाजार तक पहुंच को प्रभावित करती है।

Olympics और कॉमनवेल्थ गेम्स जैसे बड़े आयोजनों को अवसर के रूप में देखने की बात कही गई है। खासकर 2036 ओलंपिक की मेजबानी की भारत की महत्वाकांक्षा इस सेक्टर को बढ़ावा दे सकती है। सुधार के लिए रिपोर्ट में आयात शुल्क कम करने, टेस्टिंग और सर्टिफिकेशन इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित करने, क्लस्टर आधारित मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा देने और करीब 2000 करोड़ रुपये के वित्तीय समर्थन की सिफारिश की गई है।

वही, सरकार, उद्योग और खेल संस्थान मिलकर काम करें, तो भारत स्पोर्ट्स इक्विपमेंट सेक्टर को एक बड़े निर्यात इंजन में बदल सकता है और वैश्विक सप्लाई चेन में अपनी मजबूत स्थिति बना सकता है।