लाखन आर्मी के संस्थापक सूरज पासी ने कहा कि जो भी महाराजा कंसा पासी के किले और उनके आराध्य भगवान शिव के मंदिर की मुक्ति की बात करेगा, पासी समाज उसके साथ खड़ा होगा। उन्होंने कहा कि समाज अपने इतिहास, विरासत और स्वाभिमान के मुद्दे पर चुप नहीं बैठेगा। हरदोई की बालामऊ विधानसभा के कछौना स्थित सेठ भूरामल आदर्श इंटर कॉलेज में लाखन आर्मी की तीसरी जनसभा आयोजित की गई। महाराजा कंसा पासी सम्मान जनसभा में बड़ी संख्या में लोगों ने हिस्सा लिया। इस दौरान सूरज पासी ने किले और शिव मंदिर के संरक्षण की मांग को लेकर अभियान जारी रखने का ऐलान किया।

सूरज पासी ने कहा कि पासी समाज का इतिहास वीरता और बलिदान से भरा हुआ है। उन्होंने महाराजा कंसा पासी और सालार मसूद के बीच हुए संघर्ष का उल्लेख करते हुए कहा कि नई पीढ़ी को अपने महापुरुषों और योद्धाओं के इतिहास से परिचित कराना जरूरी है। उन्होंने कहा कि महाराजा कंसा पासी से जुड़ी ऐतिहासिक विरासत, किले और भगवान शिव के मंदिर का संरक्षण लाखन आर्मी की प्रमुख मांग है। इसके लिए गांव-गांव जाकर समाज को जागरूक किया जाएगा।
जनसभा में सूरज पासी ने युवाओं से शिक्षा को अपनी ताकत बनाने और नशे से दूर रहने की अपील की। उन्होंने कहा कि बच्चों के हाथ में कलम देकर समाज को मजबूत बनाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि नई पीढ़ी को यह जानकारी होनी चाहिए कि वह वीर राजाओं और योद्धाओं की विरासत की उत्तराधिकारी है। शिक्षित और नशामुक्त युवा समाज को संगठित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।

सूरज पासी ने कहा कि महाराजा कंसा पासी की विरासत के संरक्षण का अभियान केवल बालामऊ तक सीमित नहीं रहेगा। लाखन आर्मी गांव-गांव जाकर लोगों को इतिहास और विरासत के बारे में जागरूक करेगी। उन्होंने कहा कि पासी समाज को अपने इतिहास और महापुरुषों के सम्मान के मुद्दे पर एकजुट होना होगा। किले और भगवान शिव के मंदिर के संरक्षण की मांग को आगे भी उठाया जाता रहेगा।