Breaking News

CBI ने 'अभय' हेल्पबॉट लॉन्च किया, लोगों को साइबर क्राइम-डिजिटल अरेस्ट से बचाएगा     |   प्रतीक यादव की अस्थियां कल हरिद्वार में प्रवाहित होंगी, अखिलेश-अमन बिष्ट रहेंगे मौजूद     |   'सरकार ₹12.35/Kg की दर से प्याज खरीदेगी', पुणे में बोले कृषि मंत्री शिवराज सिंह     |   जापान में आया जोरदार भूकंप, रिक्टर स्केल 6.6 तीव्रता रही, सुनामी का अलर्ट नहीं     |   MP की धार भोजशाला मामले में हिंदू पक्षकार ने सुप्रीम कोर्ट में केविएट दाखिल की     |  

PM मोदी ने CJI गवई से की बात, कहा- उन पर हमले से हर भारतीय नाराज

Delhi: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को भारत के प्रधान न्यायाधीश (सीजेआई) बी.आर. गवई से बात कर एक वकील द्वारा उन पर जूता फेंकने के प्रयास की निंदा की और कहा कि इस हमले से हर भारतीय नाराज है। उन्होंने कहा, “हमारे समाज में इस तरह के निंदनीय कृत्यों के लिए कोई जगह नहीं है।” उन्होंने घटना के बाद शांति बनाए रखने के लिए गवई की प्रशंसा की।

मोदी ने ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, “भारत के प्रधान न्यायाधीश न्यायमूर्ति बी आर गवई जी से बात की।आज सुबह उच्चतम न्यायालय परिसर में उन पर हुए हमले से हर भारतीय नाराज है। हमारे समाज में ऐसे भर्त्सनायोग्य कृत्यों के लिए कोई जगह नहीं है। यह पूरी तरह से निंदनीय है।”

उन्होंने कहा, “मैं ऐसी स्थिति में न्यायमूर्ति गवई द्वारा प्रदर्शित धैर्य की सराहना करता हूं। यह हमारे संविधान की भावना को मजबूत करने और न्याय के मूल्यों के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को दर्शाता है।” एक चौंकाने वाली सुरक्षा चूक में न्यायालय में सोमवार को कार्यवाही के दौरान 71 वर्षीय एक वकील ने सीजेआई गवई की ओर जूता उछालने की कोशिश की।

भारतीय विधिज्ञ परिषद (बीसीआई) ने आरोपी वकील का लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। पुलिस सूत्रों ने बताया कि आरोपी के कब्जे से एक नोट मिला जिस पर नारा लिखा था, “सनातन धर्म का अपमान नहीं सहेगा हिंदुस्तान।”

अदालती कार्यवाही के दौरान और उसके बाद हुई इस अभूतपूर्व घटना से अविचलित रहे प्रधान न्यायाधीश ने अदालत के अधिकारियों और अदालत कक्ष में मौजूद सुरक्षाकर्मियों से कहा कि वे इसे नजरअंदाज करें और राकेश किशोर नामक दोषी वकील को चेतावनी देकर छोड़ दें।