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योगी सरकार बनी लाखों दिव्यांगजनों का सहारा, हर महीने मिल रही 1000 रुपये की आर्थिक सहायता

लखनऊ: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश सरकार समाज के प्रत्येक वर्ग के कल्याण और सशक्तीकरण के लिए निरंतर कार्य कर रही है। इसी क्रम में दिव्यांगजनों के सम्मानजनक जीवन और सामाजिक सुरक्षा सुनिश्चित करने हेतु संचालित दिव्यांग भरण-पोषण अनुदान योजना लाखों जरूरतमंद दिव्यांगजनों के लिए सहारा बनकर उभरी है। प्रदेश सरकार द्वारा वर्ष 2025-26 में इस योजना के तहत 12 लाख से अधिक पात्र दिव्यांगजनों को आर्थिक सहायता प्रदान की गई है। योजना के अंतर्गत प्रत्येक पात्र लाभार्थी को प्रतिमाह 1000 रुपये की सहायता राशि सीधे उनके बैंक खाते में भेजी जा रही है।

दिव्यांग भरण-पोषण अनुदान योजना प्रारंभ में समाज कल्याण विभाग के अधीन संचालित होती थी, लेकिन बाद में दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग के गठन के पश्चात इसका संचालन विभाग द्वारा किया जा रहा है। योजना के अंतर्गत 40 प्रतिशत या उससे अधिक दिव्यांगता वाले पात्र व्यक्तियों को लाभ प्रदान किया जाता है।

18 वर्ष से अधिक आयु के पात्र दिव्यांगजन ले सकते हैं लाभ
योजना का लाभ उन दिव्यांगजनों को दिया जाता है जिनके पास आजीविका का कोई स्थायी साधन नहीं है तथा जो शारीरिक स्थिति के कारण नियमित कार्य करने में असमर्थ हैं। 18 वर्ष या उससे अधिक आयु के युवक-युवतियां योजना के लिए पात्र हैं। इसके अतिरिक्त लाभार्थी की वार्षिक आय निर्धारित सीमा के भीतर होनी चाहिए। वर्तमान में ग्रामीण क्षेत्रों के लिए आय सीमा 46,080 रुपये तथा शहरी क्षेत्रों के लिए 56,460 रुपये प्रतिवर्ष निर्धारित है।

ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया से बढ़ी सुविधा
योगी सरकार ने आवेदन प्रक्रिया को पूरी तरह सरल एवं ऑनलाइन बना दिया है। अब पात्र दिव्यांगजन sspy-up.gov.in पोर्टल के माध्यम से घर बैठे आवेदन कर सकते हैं। इससे ग्रामीण एवं दूरस्थ क्षेत्रों के दिव्यांगजनों को भी योजना का लाभ प्राप्त करने में सुविधा हो रही है। वर्ष 2025-26 में योजना के अंतर्गत 12,23,295 लाभार्थियों को आर्थिक सहायता प्रदान की जा चुकी है। यह दर्शाता है कि सरकार योजनाओं को प्रभावी ढंग से धरातल तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है।

डिजिटल भुगतान से बढ़ी पारदर्शिता
योजना के संचालन में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए सहायता राशि का भुगतान पीएफएमएस के माध्यम से कोषागार की ई-पेमेंट प्रणाली द्वारा सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में किया जा रहा है। इससे भ्रष्टाचार एवं बिचौलियों की भूमिका समाप्त हुई है तथा लाभार्थियों को समय पर सहायता राशि प्राप्त हो रही है।

दिव्यांगजनों के कल्याण के लिए सरकार प्रतिबद्ध
दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग के उप निदेशक डॉ. अमित कुमार राय ने बताया कि मुख्यमंत्री के नेतृत्व में प्रदेश सरकार दिव्यांगजनों के कल्याण और सशक्तीकरण के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि दिव्यांग भरण-पोषण अनुदान योजना आर्थिक रूप से कमजोर एवं निराश्रित दिव्यांगजनों के लिए महत्वपूर्ण सहारा साबित हो रही है। उन्होंने बताया कि योजना के अंतर्गत सभी पात्र लाभार्थियों को प्रतिमाह 1000 रुपये की सहायता राशि प्रदान की जा रही है तथा पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी एवं डिजिटल बनाया गया है, ताकि अधिक से अधिक पात्र दिव्यांगजन योजना से जुड़ सकें।