दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने स्वास्थ्य विभाग में बड़ा प्रशासनिक कदम उठाते हुए 40 से अधिक डॉक्टरों और अधिकारियों का तबादला कर दिया है। यह फैसला दवाइयों की खरीद प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ाने और व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से लिया गया है। स्वास्थ्य विभाग में लंबे समय से एक ही स्थान पर तैनात अधिकारियों और डॉक्टरों के कार्यक्षेत्र में बदलाव किया गया है। सरकार का मानना है कि नियमित तबादलों से कार्यप्रणाली में पारदर्शिता बढ़ेगी और जवाबदेही भी सुनिश्चित होगी।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के निर्देश पर लिया गया यह निर्णय दवाइयों की खरीद और वितरण व्यवस्था को अधिक सुव्यवस्थित बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। सरकार का लक्ष्य है कि दवा खरीद प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी हो और मरीजों को समय पर आवश्यक दवाएं उपलब्ध कराई जा सकें। दिल्ली सरकार ने संकेत दिए हैं कि स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार और प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए आगे भी ऐसे कदम उठाए जा सकते हैं।