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कर्णप्रयाग झड़प मामले पर DSGMC ने CM धामी से की मुलाकात, जल्द कार्रवाई का मिला आश्वासन

दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधन समिति (DSGMC) के एक प्रतिनिधिमंडल ने मंगलवार को उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मुलाकात कर चमोली जिले के कर्णप्रयाग में सिख श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों के बीच हुई झड़प के मामले पर चर्चा की। समिति ने कहा कि मुख्यमंत्री इस मामले की गंभीरता से निगरानी कर रहे हैं और जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया है।

DSGMC के अध्यक्ष हरमीत सिंह कालका ने बताया कि 16 जून को कर्णप्रयाग में हुई घटना को लेकर मुख्यमंत्री से विस्तार से बातचीत हुई। उन्होंने कहा कि पुलिस महानिदेशक (DGP) द्वारा घोषित जांच समिति का गठन कर दिया गया है और मामले की निष्पक्ष जांच की जाएगी। कालका ने कहा, "मुख्यमंत्री ने हमारी बात गंभीरता से सुनी है। हमें विश्वास है कि सभी एफआईआर और संबंधित मामलों में जल्द कार्रवाई होगी। जिन पुलिसकर्मियों पर युवकों के साथ अभद्रता का आरोप है, उनकी भी जांच कर उचित कदम उठाए जाएंगे।"

उत्तराखंड पुलिस मुख्यालय (PHQ) ने सोमवार को इस मामले से जुड़ी दोनों एफआईआर की जांच चमोली से हरिद्वार स्थानांतरित करने का फैसला किया। पुलिस के अनुसार, निष्पक्ष और पारदर्शी जांच सुनिश्चित करने के लिए यह कदम उठाया गया है। अब दोनों मामलों की जांच हरिद्वार के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) नवनीत सिंह भुल्लर की निगरानी में की जाएगी।

वहीं, नगरासू गुरुद्वारे में जारी तनाव को कम करने के प्रयास जारी हैं। सिख श्रद्धालुओं और निहंग सिखों के बीच बातचीत चल रही है। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सुरक्षा बलों की तैनाती भी की गई है। बताया जा रहा है कि चार निहंग सिखों की गिरफ्तारी के बाद मोहाली से पहुंचे एक समूह ने बड़े स्तर पर विरोध प्रदर्शन की मांग की थी, जिसके बाद स्थिति तनावपूर्ण हो गई थी। पुलिस और प्रशासन का कहना है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।