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अब स्विगी ने भी बढ़ाया प्लेटफॉर्म शुल्क, प्रति ऑर्डर पर देने होंगे 17.58 रुपये

New Delhi: प्रमुख ऑनलाइन खाना मंगाने की सुविधा देने वाला मंच स्विगी ने ग्राहकों से लिए जाने वाले 'प्लेटफॉर्म शुल्क' में 17 प्रतिशत की बढ़ोतरी कर दी है। अब ग्राहकों को हर ऑर्डर पर 17.58 रुपये का प्लेटफॉर्म शुल्क देना होगा। स्विगी ने यह कदम अपनी प्रतिद्वंद्वी कंपनी जोमैटो द्वारा शुल्क बढ़ाए जाने के कुछ ही दिनों बाद उठाया है।

स्विगी के ऐप पर मंगलवार को दिख रहे शुल्कों के अनुसार, अब प्रति ऑर्डर 17.58 रुपये (जीएसटी सहित) लिए जा रहे हैं। इससे पहले स्विगी ने पिछले साल सितंबर में अपने प्लेटफॉर्म शुल्क में बढ़ोतरी की थी। दूसरी ओर, जोमैटो वर्तमान में बिना जीएसटी के 14.90 रुपये शुल्क ले रहा है। स्विगी की ताजा बढ़ोतरी के बाद, अब दोनों प्रमुख कंपनियों का प्रभावी प्लेटफॉर्म शुल्क लगभग बराबर (करीब 17.58 रुपये प्रति ऑर्डर) हो गया है।

इससे पहले, जोमैटो ने 20 मार्च को अपने प्लेटफॉर्म शुल्क में 2.40 रुपये की बढ़ोतरी की थी, जिससे उसका शुल्क बढ़कर 14.90 रुपये (बिना जीएसटी) हो गया था। प्लेटफॉर्म शुल्क वह निश्चित राशि है जो डिलीवरी चार्ज और रेस्टोरेंट के बिल के अलावा ली जाती है।

कंपनियां इसका इस्तेमाल अपने कामकाज के खर्च, प्रौद्योगिकी रखरखाव और ग्राहक सहायता जैसी सेवाओं को चलाने के लिए करती हैं। जानकारों के अनुसार, पश्चिम एशिया में तनाव के कारण कच्चे तेल की कीमतें बढ़ी हैं, जिससे डिलीवरी का खर्च बढ़ गया है। कंपनियां इसी खर्च की भरपाई के लिए ग्राहकों पर बोझ डाल रही हैं।