अगरतला, 10 अप्रैल (भाषा) त्रिपुरा जनजातीय क्षेत्र स्वायत्त जिला परिषद (टीटीएएडीसी) की 28 सीट के वास्ते होने वाले चुनाव के लिये प्रचार शुक्रवार को समाप्त हो गया। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।
टीटीएएडीसी में राज्य का दो-तिहाई भौगोलिक क्षेत्र शामिल है और यहां 13 लाख की आबादी रहती है।
प्रद्योत किशोर माणिक्य देबबर्मा ने टिपरा मोथा पार्टी (टीएमपी) के लिए एक जोरदार अभियान का नेतृत्व किया, जबकि मुख्यमंत्री माणिक साहा ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के अभियान की अगुवाई की।
टीएमपी यहां टीटीएडीसी में सत्ता बरकरार रखने की कोशिश कर रही है, जबकि भाजपा उससे सत्ता छीनने के प्रयास में है।
मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) और कांग्रेस ने भी टीटीएएडीसी चुनावों के लिए जमकर प्रचार किया।
राज्य के आठ जिलों में फैली जनजातीय परिषद की 28 सीट के लिए मतदान 12 अप्रैल को होंगे, जबकि मतगणना 17 अप्रैल को होगी।
राज्य निर्वाचन आयोग (एसईसी) के सचिव अनुराग सेन ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘12 अप्रैल को होने वाले जनजातीय परिषद चुनाव लिए प्रचार अभियान शुक्रवार को शांतिपूर्ण ढंग से समाप्त हो गया।’’
उन्होंने बताया कि जनजातीय परिषद की 28 सीट के लिए चुनाव में कुल 9,62,679 मतदाता 173 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला करेंगे।
पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) अनुराग ने कहा कि स्वतंत्र, निष्पक्ष और शांतिपूर्ण चुनाव सुनिश्चित करने के लिए व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की गई है।
उन्होंने पत्रकारों से कहा, ‘‘जनजातीय परिषद चुनावों के लिए त्रिपुरा स्टेट राइफल्स (टीएसआर) और पुलिस के 12,000 कर्मियों के अलावा, केंद्र ने अर्धसैनिक बलों की 24 कंपनियां भेजी हैं।’’
डीजीपी ने कहा, ‘‘सभी 1,257 मतदान केंद्र पर टीएसआर जवान और राज्य पुलिसकर्मी तैनात रहेंगे, जबकि सभी निर्वाचन क्षेत्रों के इलाकों में अतिरिक्त केंद्रीय बलों को तैनात किया जाएगा।’’
भाषा यासिर दिलीप
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