ऊना (हिमाचल प्रदेश), छह अप्रैल (भाषा) हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले में एक पूर्व सैनिक के बगीचे से अमरूद तोड़ने के आरोप में छह वर्षीय प्रवासी बच्ची को कथित तौर पर सीढ़ियों से रस्सियों से बांधकर सजा दी गयी। अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी।
अधिकारियों ने बताया कि यह घटना रविवार को हुई, जिसका राहगीरों ने वीडियो बना लिया । उन्होंने बताया कि कथित तौर पर यातना का वीडियो बहदला गांव और उसके आसपास के इलाकों में तेजी से लोगों तक पहुंच गया।
उन्होंने बताया कि इस वीडियो ने लोगों में आक्रोश पैदा कर दिया, जिसके बाद यह मामला प्रशासन के संज्ञान में आया।
उन्होंने बताया कि पीड़िता को बचा लिया गया है, और उसकी चिकित्सीय जांच की जा चुकी है।
उन्होंने बताया कि पूर्व सैनिक को पुलिस एवं बाल कल्याण समिति ने सोमवार को पूछताछ के लिए बुलाया। उस पर बच्ची को अपने घर की सीढ़ियों से बांधकर पीटने का भी आरोप है । एक अन्य वीडियो भी सामने आया है जिसमें वह (सैनिक) अपने कृत्य के लिए माफी मांग रहा है।
पुलिस ने बताया कि घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद प्रशासन हरकत में आया और मामला दर्ज किया गया।
घटना तब सामने आई जब मर्चेंट नेवी के कैप्टन रोहित जसवाल वहां से गुजर रहे थे और उन्होंने एक घर के अंदर सीढ़ियों पर बंधी हुई बच्ची को देखा और तुरंत हस्तक्षेप करने के लिए दौड़े।
जसवाल ने पूर्व सैनिक से बच्ची को छोड़ने का अनुरोध किया, लेकिन वह अड़े रहे और इनकार कर दिया।
बाद में, कुछ युवकों ने बच्ची के उसके घर में बंधे हुए होने का दृश्य रिकॉर्ड किया। एक कथित वीडियो में अरोपी बच्ची को बांधने का औचित्य साबित करते हुए कह रहा है कि उसे अमरूद 'चोरी' करने की सजा दी जा रही है। रोते-चिल्लाते हुए वह बच्ची वीडियो बना रहे राहगीर से गुहार लगा रही है, 'अंकल मुझे बचाओ'।
रविवार को वीडियो सामने आने के बाद लोगों में भारी आक्रोश फैल गया। जसवाल ने आरोपी के चंगुल से लड़की को बचाया और उसे सुरक्षित उसके घर वापस पहुंचाया।
उन्होंने तुरंत पुलिस और 'चाइल्ड हेल्पलाइन' को भी सूचित किया।
'चाइल्ड हेल्पलाइन' की टीम के पहुंचने पर पूर्व सैनिक ने तुरंत अपने कृत्य के लिए माफी मांगी। पीड़िता को ऊना के क्षेत्रीय अस्पताल में चिकित्सा जांच के लिए भेजा गया।
पुलिस ने बताया कि मामले को गंभीरता से लिया जा रहा है और उपायुक्त (डीसी) जतिन लाल और पुलिस अधीक्षक (एसपी) सचिन हीरेमठ ने त्वरित कार्रवाई के निर्देश जारी किए हैं।
एसपी ने बताया कि भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) और किशोर न्याय (देखभाल एवं संरक्षण) अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है और मामले की जांच जारी है तथा दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
सोमवार को सामने आए एक अन्य वीडियो में आरोपी पूर्व सैनिक माफी मांगता नजर आ रहा है। वीडियो में वह कथित तौर पर लड़की को बांधने की बात स्वीकार करते हुए कह रहा है कि वह होश में नहीं था।
उन्होंने कहा कि वे भविष्य में ऐसी हरकतें नहीं दोहराएंगे।
भाषा
राखी रंजन
रंजन