Breaking News

इजरायली हमलों में 89 लोग मारे गए और 700 घायल: लेबनान     |   कुवैत का दावा- पॉवर स्टेशन, तेल टैंकर्स को ईरानी ड्रोन्स ने बनाया निशाना     |   अधीर रंजन चौधरी के काफिले की कार का हुआ एक्सीडेंट, ट्रक ने मारी टक्कर     |   नोएडा: गहरे गड्डे में भरे पानी में डूबने से एक स्टूडेंट की मौत     |   सऊदी अरब की ईस्ट-वेस्ट तेल पाइपलाइन पर ड्रोन हमला     |  

बाइडेन का बड़ा फैसला: माफ की 4 भारतीय समेत 1500 कैदियों की सजा

अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन ने जाते-जाते 1500 कैदियों की सजा माफ करने का ऐलान किया है। खास बात ये है कि इनमें 4 लोग भारतीय मूल के अमेरिकी नागरिक हैं। बाइडेन ने एक बयान में कहा-राष्ट्रपति होने के नाते मेरे पास उन लोगों को माफी देने का अधिकार है, जिन्हें अपने किए पर पछतावा है और वे सभी अमेरिकी समाज की मुख्यधारा में लौटना चाहते हैं। बता दें कि जो बाइडेन ने जिन लोगों की सजा माफ की है, उनमें ज्यादातर ड्रग्स के मामलों में दोषी ठहराए गए अपराधी शामिल हैं।

39 कैदियों की सजा पूरी तरह माफ, बाकियों की होगी कम

बाइडेन ने कहा- मैं ऐसे 39 लोगों की सजा माफ करने जा रहा हूं, जो हिंसक अपराधों में शामिल नहीं थे। इसके अलावा मैं करीब 1500 लोगों की सजा भी कम करने में जुटा हूं। इनमें से कुछ की सजा कम कर दी जाएगी। बता दें कि कोविड महामारी के दौरान अमेरिका में कुछ कैदियों को जेल से शिफ्ट कर उनके घरों में नजरबंद किया गया था। दरअसल, जेल में कैद हर 5 में से 1 कैदी को कोरोना हुआ था, जिसके चलते बाइडेन सरकार ने ये फैसला किया था।

इन 4 भारतवंशियों को भी बाइडेन का क्षमादान

जो बाइडेन ने भारतीय मूल के जिन 4 अमेरिकी नागरिकों की सजा माफ की है, उनमें मीरा सचदेवा, बाबूभाई पटेल, कृष्णा मोटे और विक्रम दत्ता के नाम हैं। बता दें कि भारतीय मूल की डॉ. मीरा सचदेवा को दिसंबर, 2012 में धोखाधड़ी का दोषी ठहराए जाने के बाद 20 साल जेल की सजा सुनाई गई थी। इसके अलावा उन पर 82 लाख डॉलर का जुर्माना भी लगाया गया था। 

अपने बेटे की सजा भी माफ कर चुके बाइडेन

पिछले हफ्ते जो बाइडेन ने अपने बेटे हंटर बाइेडन की सजा भी माफ की थी। उनका बेटे हंटर पर अवैध तरीके से पिस्टल रखने के अलावा सरकारी पैसे का दुरुपयोग, टैक्स चोरी और झूठी गवाही देने जैसे आरोप लगे थे। उन्होंने कहा था- मुझे कानून पर पूरा भरोसा है। हंटर के केस में मैं सिर्फ इतना ही कहना चाहूंगा कि उसे सिर्फ इसलिए टारगेट किया गया, क्योंकि वो मेरा बेटा है।