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एसआरएफटीआई के कुलपति से धक्का-मुक्की, कार्यालय में तोड़फोड़

कोलकाता, 16 अक्टूबर (भाषा) सत्यजीत राय फिल्म एवं टेलीविजन संस्थान (एसआरएफटीआई) के कुलपति संतोष अजमेरा के साथ एक छात्र ने कथित तौर पर धक्का-मुक्की की और अन्य छात्रों ने उनके खिलाफ आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया। संस्थान ने बृहस्पतिवार को एक बयान में यह जानकारी दी।

संस्थान ने बताया कि इससे पहले कुलपति के कार्यालय में तोड़फोड़ की गई थी।

बयान के अनुसार, बुधवार रात कुलपति के कार्यालय में तोड़फोड़ की गई, जिससे काफी नुकसान हुआ।

संस्थान के अनुसार, कार्यालय पर कथित तौर पर पत्थर फेंके गए, जिससे खिड़कियों के शीशे टूट गए तथा पानी और एयर कंडीशनिंग की पाइपलाइन भी काट दी गईं।

संस्थान ने बताया कि बृहस्पतिवार सुबह कार्यालय में टूटे हुए शीशे, पत्थर और क्षतिग्रस्त फर्नीचर बिखरा मिला।

बयान के मुताबिक, तोड़फोड़ की निंदा करने के लिए बृहस्पतिवार को एक बैठक बुलाई गई थी।

संस्थान ने बताया कि बैठक समाप्त होने के बाद जब संकाय सदस्य सभागार से बाहर निकल रहे थे, तब कुछ छात्रों ने अजमेरा को कथित तौर पर घेर लिया, नारे लगाए और आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया।

उसने बताया कि इसके बाद उनमें से एक छात्र ने अजमेरा के साथ धक्का-मुक्की की।

करीब 15 दिन पहले पदभार संभालने वाले अजमेरा ने इस घटना को अस्वीकार्य बताते हुए कहा कि इस ‘‘हमले’’ से परिसर में ‘‘बेचैनी और भय का माहौल’’ पैदा हुआ है।

उन्होंने स्वीकार किया कि छात्रों को प्रदर्शन करने का अधिकार है लेकिन उन्होंने साथ ही ‘‘हमले और तोड़फोड़’’ की निंदा की तथा दोषियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की मांग की।

यह घटना ऐसे समय हुई है, जब परिसर की सुरक्षा को लेकर एसआरएफटीआई छात्र संघ द्वारा घोषित शैक्षणिक गतिविधियों का बहिष्कार बृहस्पतिवार को 17वें दिन भी जारी रहा। छात्र कुछ दिन से कुलपति कार्यालय के बाहर धरने पर भी बैठे हैं।

यह प्रदर्शन राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) से जुड़े संगठनों के साथ हुई झड़पों के बाद शुरू हुआ था। इससे पहले आठ छात्रों को अनुशासनात्मक आधार पर कारण बताओ नोटिस जारी किए गए थे।

कुलपति ने यह भी आरोप लगाया कि छात्रों का एक समूह पिछले आठ दिन से अन्य विद्यार्थियों को डरा-धमका रहा है और उन्हें कक्षाओं में जाने से रोक रहा है। इसके कारण कुछ छात्रों को परिसर छोड़कर अपने घर लौटना पड़ा।

उन्होंने कहा, ‘‘कुछ छात्रों की गतिविधियों से शांति, व्यवस्था और सामान्य शैक्षणिक कामकाज बाधित हुआ है। इससे संस्थान के शैक्षणिक और सांस्कृतिक माहौल को नुकसान पहुंचा है।’’

प्रदर्शनकारी छात्रों ने एसआरएफटीआई के अध्यक्ष सुरेश गोयल को पत्र लिखकर मौजूदा संकट में तत्काल हस्तक्षेप करने और कुलपति के इस्तीफे की मांग की है।

भाषा सिम्मी

सिम्मी