नयी दिल्ली, 14 अक्टूबर (भाषा) फिल्मकार शशांक वालिया की ग्रामीण पृष्ठभूमि पर आधारित पंजाबी फिल्म ‘बर्ड्स इन द डार्क’ ने 2026 के बुसान अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव में 'सोंगवॉन विजन ऑडियंस अवार्ड' जीता है।
हंसल मेहता के सहयोग से बनी इस फिल्म का महोत्सव में विजन श्रेणी के तहत 'ग्लोबल प्रीमियर' हुआ था। इस श्रेणी में प्रदर्शित 24 फिल्मों में दो भारतीय फिल्में शामिल थीं।
सोंगवॉन कल्चर फाउंडेशन द्वारा प्रायोजित यह पुरस्कार विजन श्रेणी की उस एशियाई फिल्म को दिया जाता है, जिसे दर्शकों से सबसे अधिक वोट मिलते हैं। पुरस्कार के तहत 10 मिलियन दक्षिण कोरियाई वॉन (करीब 7.1 लाख रुपये) की राशि दी जाती है।
पंजाबी में ‘हनेरे दे पंछी’ शीर्षक वाली इस फिल्म में मौली सिंह, सपना दास, हरविंदर औजला, शाहनवाज भट और नवदीप बाजवा ने अभिनय किया है। मेहता के अलावा रीमा कौर और साहिल सैगल इसके सह-निर्माता हैं।
वालिया ने कहा कि यह पुरस्कार पंजाब के उन पांच गांवों के लोगों का है, जिन्होंने फिल्म बनाने में सहयोग दिया।
उन्होंने इसे दुनिया के श्रमिकों और प्रेम करने वाले लोगों को भी समर्पित किया।
मेहता ने कहा कि कोरियाई दर्शकों से फिल्म को मिले प्यार से वह गौरवान्वित हैं।
उन्होंने कहा कि लैंगिक समानता, श्रम, न्याय, प्रेम और प्रतिरोध पर आधारित फिल्म को मिली यह पहचान उम्मीद जगाती है।
बुसान अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव का समापन बृहस्पतिवार को होगा।
भाषा राखी रंजन
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