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दिल्ली पुलिस ने ‘अफवाह फैलाने वालों’ के खिलाफ सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी; 300 पोस्ट हटवाए

नयी दिल्ली, 12 अक्टूबर (भाषा) दिल्ली पुलिस राजधानी में प्रदर्शनों के बीच गलत सूचनाओं के प्रसार को रोकने के लिए विभिन्न सोशल मीडिया मंचों पर नजर रख रही है और उसने अफवाह फैलाने या सार्वजनिक अशांति पैदा करने के उद्देश्य से की गई लगभग 300 पोस्ट को हटवा दिया है। सूत्रों ने सोमवार को यह जानकारी दी।

इसके अलावा पुलिस ने उस सोशल मीडिया पेज के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी, जिसने विपक्ष के नेता राहुल गांधी के नेतृत्व वाली रैली में पुलिस गोलीबारी होने की गलत जानकारी पोस्ट की थी।

संबंधित पोस्ट में दावा किया गया था कि दिल्ली पुलिस ने राहुल गांधी की रैली में गोलीबारी की, जिसमें पांच कार्यकर्ताओं की मौत हो गई। पोस्ट में स्थिति बिगड़ने और तनाव बढ़ने का आरोप लगाते हुए लोगों से सड़कों पर निकलने और दिल्ली को जाम करने को कहा गया था।

पुलिस ने ‘एक्स’ पर कहा, 'इस अफवाह के बहकावे में न आएं और न ही इसे प्रसारित करें।'

पुलिस ने कहा कि सोशल मीडिया पर दुर्भावनापूर्ण अफवाहें फैलाना एक दंडनीय अपराध है और संबंधित पेज के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

इससे कुछ दिन पहले पुलिस ने 24-वर्षीय एक शख्स को गिरफ्तार किया था। उसपर आरोप था कि उसने मुख्य निर्वाचन आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ एक प्रदर्शन के दौरान एक महिला पत्रकार का यौन उत्पीड़न करते हुए एक पुलिस अधिकारी को दर्शाने वाला फर्जी वीडियो कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) से बनाया और उसे प्रसासित किया।

सूत्रों ने बताया कि पुलिस ने प्रदर्शनों से जुड़ी आपत्तिजनक और कथित तौर पर भ्रामक सामग्री को हटाने की मांग को लेकर सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ से भी संपर्क किया है।

उन्होंने बताया कि सोशल मीडिया पर निगरानी का उद्देश्य फर्जी सामग्री, भ्रामक दावों और उन पोस्ट की पहचान करना है जो संभावित रूप से सार्वजनिक व्यवस्था को बिगाड़ सकते हैं।

सूत्रों ने बताया कि पुलिस टीम ऑनलाइन मंचों की निगरानी कर रही हैं, जबकि गलत सूचना फैलाने या अशांति भड़काने की कोशिश करने वाली सामग्री के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।

भाषा नोमान नोमान सुरेश

सुरेश