नयी दिल्ली, 11 अक्टूबर (भाषा) कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने कहा कि विपक्षी दलों, नागरिक समाज के प्रतिनिधियों और युवाओं का एक समूह सोमवार को उच्चतम न्यायालय तक मार्च करेगा।
इस दौरान भारत के प्रधान न्यायाधीश (सीजेआई) को एक ज्ञापन सौंपकर ‘वोट चोरी’ पर रोक लगाने, मुख्य निर्वाचन आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की प्रक्रिया पर रोक लगाने की मांग की जायेगी।
गांधी ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा कि उच्चतम न्यायालय तक मार्च में शामिल भारतीय किसी भी राजनीतिक दल, लैंगिक, जाति, समुदाय और राज्य की सीमाओं से ऊपर उठकर एकजुट होंगे।
उन्होंने कहा, ‘‘कल देश के युवा दिल्ली में शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन करने के लिए सड़कों पर उतरे। वे अपने दिलों में नफरत या गुस्सा नहीं, बल्कि प्रेम लेकर आये थे। पुलिसकर्मियों और भाजपा के ‘गुंडों’ ने उनकी पिटाई की। हम ऐसा भारत नहीं चाहते।’’
गांधी ने पोस्ट में कहा, ‘‘कल हम भारतीय के रूप में उच्चतम न्यायालय तक मार्च करेंगे। इस मार्च में हम राजनीतिक दल, लैंगिक, जाति, समुदाय और राज्य के भेदभाव से ऊपर उठकर एकजुट होंगे। युवा, सभी विपक्षी दल, नागरिक समाज के संगठन और लोकतंत्र में विश्वास रखने वाले तथा भारत के संविधान के साथ खड़े सभी लोग हमारे साथ कदम से कदम मिलाकर चलेंगे।”
उन्होंने कहा कि वे पूरे देश की ओर से प्रधान न्यायाधीश को एक ज्ञापन सौंपेंगे। इसमें ‘वोट चोरी’ पर रोक लगाने, एसआईआर की प्रक्रिया रोकने और ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की जाएगी।
गांधी ने कहा, ‘‘नरेन्द्र मोदी, अमित शाह, अजीत डोभाल और मोहन भागवत भारत की आवाज को दबा नहीं सकते। ये कायर हमें डरा-धमका नहीं सकते। इन्हें सत्ता से हटना होगा।’’
उन्होंने कहा, “हम प्रेम, भाईचारे और देशभक्ति की भावना के साथ मिलकर मार्च करेंगे। डरो मत।” उन्होंने कहा कि ‘‘कल पूरा भारत’’ उच्चतम न्यायालय तक मार्च करेगा।
भाषा
देवेंद्र दिलीप
दिलीप