मिलान, आठ अक्टूबर (एपी) इटली के मिलान शहर में नए अमेरिकी वाणिज्य दूतावास परिसर निर्माण के दौरान ‘‘शोषण’’ का शिकार हुए भारतीयों समेत विदेशी श्रमिकों को एक समझौते के तहत रिकॉर्ड भुगतान किया जाएगा।
पीड़ित 60 से अधिक श्रमिकों ने बुधवार को मिलान के एक होटल में समझौतों पर हस्ताक्षर किए, जिनमें ज्यादातर भारतीय हैं। इन समझौतों के तहत अमेरिकी निर्माण कंपनी के लिए काम करने के दौरान कथित श्रम शोषण के एवज में प्रत्येक श्रमिक को औसतन 45,000 यूरो (50,400 अमेरिकी डॉलर) का भुगतान मिलेगा।
अभियोजकों के अनुसार, यह यूरोप में श्रम शोषण के मामले में अब तक का सबसे बड़ा समझौता है।
भारत से काम करने आये 43 वर्षीय राजमिस्त्री दिलीप राम मिलान स्थित वाणिज्य दूतावास के निर्माण स्थल पर दो साल से अधिक समय से काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि इस राशि से भारत के बिहार में रह रहे उनके पांच सदस्यीय परिवार की काफी मदद होगी।
समझौते पर हस्ताक्षर करने के बाद दिलीप राम ने कहा, ‘‘अब पहले से स्थिति बेहतर है... अब हमें आराम के लिए भी अधिक समय मिलता है।’’
उन्होंने कहा, ‘‘इससे काफी बदलाव आया है। यह समझौता अच्छा रहेगा क्योंकि श्रमिकों को परेशानियों का सामना करना पड़ा था।’’
अभियोजकों के अनुसार, श्रमिकों को प्रति घंटे दो अमेरिकी डॉलर से भी कम भुगतान किया जाता था, आवास के लिए उनके वेतन से अवैध रूप से राशि काटी जाती थी और प्रतिदिन 10 घंटे तक तथा सप्ताह में छह दिन काम करने के बावजूद उन्हें ओवरटाइम का भुगतान नहीं किया जाता था।
आरोप है कि श्रमिकों को धमकियों का भी सामना करना पड़ा और काम के दौरान घायल होने पर उन्हें उचित चिकित्सा सुविधा नहीं दी गई।
एपी शफीक नरेश
नरेश