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सभी एकमत हैं, लेकिन साल में बहुत ज्यादा मैच खेलना चुनौती: सैकिया

मुंबई, तीन सितंबर (भाषा) भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) सचिव देवजीत सैकिया ने बृहस्पतिवार को कहा कि बोर्ड इस दिशा में काम करेगा कि ‘सेना’ देशों में किसी भी बड़ी सीरीज से पहले भारतीय क्रिकेटरों को पर्याप्त आराम, परिस्थितियों के अनुकूल ढलने का समय और अभ्यास मैच मिल सकें।

बीसीसीआई मुख्यालय में हुई समीक्षा बैठक के बाद सैकिया ने कहा कि चोटों के प्रबंधन के मामले में भारतीय क्रिकेट में संवाद की कोई कमी नहीं है। लेकिन बोर्ड बेहतर भविष्य दौरा कार्यक्रम (एफटीपी) तैयार करने की कोशिश करेगा ताकि खिलाड़ियों को तैयारी के लिए पर्याप्त समय मिल सके।

सैकिया ने पत्रकारों से कहा, ‘‘सभी एकमत हैं। बीसीसीआई एक अच्छी तरह से व्यवस्थित और सुचारू रूप से चलने वाली मशीन की तरह काम कर रहा है। ’’

उन्होंने कहा, ‘‘बीसीसीआई के सभी विभागों के बीच उचित समन्वय है, चाहे वह महिला टीम की समितियां हों, उनका तकनीकी स्टाफ और कोच हों, या सीओई (सेंटर ऑफ एक्सीलेंस), भारतीय पुरुष टीम के कोचिंग स्टाफ और मुख्य कोच से संबंधित विभाग हों। समन्वय में कोई दिक्कत नहीं है और सब कुछ सही दिशा में आगे बढ़ रहा है। ’’

उन्होंने कहा, ‘‘एकमात्र चुनौती यह है कि साल में बहुत ज्यादा मैच खेले जा रहे हैं और इसी वजह से अगले एफटीपी में हम कुछ बदलाव और उपाय करेंगे। ’’

सैकिया ने कहा, ‘‘हमने अपने एफटीपी से जुड़े अधिकारियों को निर्देश दिया है जो जल्द ही विभिन्न अंतरराष्ट्रीय मंचों पर बैठक करेंगे कि एफटीपी इस तरह तैयार किया जाए कि खिलाड़ियों को पर्याप्त आराम मिले। साथ ही, सेना देशों (दक्षिण अफ्रीका, ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड और न्यूजीलैंड) में किसी भी बड़ी सीरीज से पहले खिलाड़ियों को वहां की परिस्थितियों के अनुकूल ढलने का पर्याप्त समय मिले या कुछ अभ्यास और मैत्री मैच खेलने का मौका मिले। ’’

समीक्षा बैठक में भारत के टेस्ट और वनडे कप्तान शुभमन गिल, टी20 कप्तान श्रेयस अय्यर, मुख्य कोच गौतम गंभीर, सीओई के क्रिकेट निदेशक वीवीएस लक्ष्मण और बीसीसीआई के अन्य अधिकारी शामिल हुए। हालांकि चयन समिति प्रमुख अजीत अगरकर वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए भी बैठक से नहीं जुड़ सके।

सैकिया ने कहा, ‘‘हमने चर्चा की कि इंग्लैंड और आयरलैंड में हमारी टीम का प्रदर्शन कैसा रहा और साथ ही इस बात पर भी विचार किया कि अगले एक साल में हमें क्या करना है। रोडमैप तैयार कर लिया गया है और हम कुछ जरूरी अभ्यास एवं तैयारियां करेंगे ताकि 2027 विश्व कप में हमारा प्रदर्शन बहुत अच्छा रहे। ’’

आयरलैंड और इंग्लैंड के सीमित ओवरों के दौरों पर भारतीय टीम का प्रदर्शन अच्छा नहीं रहा, यह स्वीकार करते हुए सैकिया ने कहा कि टीम को इस पर ‘आत्ममंथन’ करने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि इस संबंध में रणनीति तैयार कर ली गई है।

भारत को आयरलैंड के खिलाफ दो मैच की टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज में 0-2 से उलटफेर भरी हार झेलनी पड़ी। इसके बाद इंग्लैंड के खिलाफ टी20 सीरीज में भारत 1-4 से और तीन मैच की वनडे सीरीज में 1-2 से हार गया।

सैकिया ने कहा, ‘‘हमने अच्छा प्रदर्शन नहीं किया। हम आयरलैंड और इंग्लैंड में मैच हार गए इसलिए हम यह जानना चाहते थे कि इसके पीछे क्या कारण थे। हमें इस पर कुछ आत्ममंथन करना होगा और भविष्य में किसी भी सेना देश का दौरा करने से पहले हमें क्या करना चाहिए, इसे लेकर हमने एक रणनीति तैयार कर ली है। ’’

सैकिया ने कहा कि बैठक में ‘रिटर्न टू प्ले’ (आरटीपी) प्रक्रिया की भी दोबारा समीक्षा की गई और इस दौरान दोनों कप्तानों के अलावा मुख्य कोच से प्रतिक्रिया ली गई।

उन्होंने कहा, ‘‘आज की चर्चा पूरी तरह सामान्य प्रकृति की थी। हमने इस बात पर विचार किया कि प्रत्येक खिलाड़ी के फिटनेस स्तर को बनाए रखने के लिए हमें कौन-सी नीतियों और प्रोटोकॉल का पालन करना चाहिए। यह किसी एक खिलाड़ी के बारे में नहीं था, बल्कि टीम के सर्वश्रेष्ठ हित को ध्यान में रखकर चर्चा की गई। ’’

उन्होंने कहा, ‘‘हमने कप्तानों और मुख्य कोच से प्रतिक्रिया ली है क्योंकि वे हमें सही जानकारी देने के लिए उपयुक्त लोग हैं। इससे हमें ऐसी उचित रणनीति तैयार करने में मदद मिलेगी जिससे मैच के दौरान इस तरह की सभी अवांछित परिस्थितियों से बचा जा सके। ’’

सैकिया ने जोर देकर कहा कि भारतीय टीम और सीओई के बीच संवाद में कोई कमी नहीं है, हालांकि कुछ खिलाड़ियों को बार-बार चोट लगना चिंता का विषय है।

उन्होंने कहा, ‘‘ऐसी कोई स्थिति नहीं है कि सीओई और भारतीय टीम के स्टाफ या तकनीकी अधिकारियों के बीच संवाद में कोई कमी हो या आपसी तालमेल नहीं हो। ’’

सैकिया ने कहा, ‘‘हमें केवल कुछ खिलाड़ियों की बार-बार होने वाली चोटें परेशान कर रही हैं। इससे बचने के लिए हमें कुछ कदम उठाने होंगे और कुछ उपाय करने होंगे, ताकि खिलाड़ियों को बार-बार चोट नहीं लगे। ’’

उन्होंने यह भी कहा कि खेल विज्ञान एवं मेडिसिन विभाग के प्रमुख का पद खाली होने के बावजूद सीआई ठीक तरह से काम कर रहा है।

सैकिया ने कहा, ‘‘मैं एक बार फिर दोहराना चाहूंगा कि खेल विज्ञान विभाग के प्रमुख का पद खाली होना सीओई की गतिविधियों में किसी भी तरह की बाधा नहीं है।”

उन्होंने कहा, ‘‘उस पद को भरना जरूरी है, लेकिन यह बहुत उच्च स्तर का पद है और इसके लिए एक उचित रूप से योग्य व्यक्ति की नियुक्ति की जानी चाहिए। खिलाड़ियों के फिटनेस स्तर को बनाए रखने और ‘रिहैबिलिटेशन’ सुविधाओं को संभालने के लिए हमारे पास लगभग 16 लोग पहले से मौजूद हैं। ’’

उन्होंने कहा, ‘‘हम जल्द से जल्द ऐसे व्यक्ति को तलाशने की कोशिश कर रहे हैं। हालांकि, उनके बिना भी सीओई सही तरीके से काम कर रहा है। ’’

भाषा नमिता सुधीर

सुधीर