अमरावती, 25 अगस्त (भाषा) आंध्र प्रदेश सरकार ने भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) के निलंबित अधिकारी एन संजय पर लगे सरकारी धन के गबन और दुरुपयोग के आरोपों की पड़ताल के लिए मंगलवार को एक जांच अधिकारी नियुक्त किया।
संजय पर आंध्र प्रदेश राज्य आपदा मोचन और अग्निशमन सेवाओं के महानिदेशक के तौर पर काम करते हुए अग्नि (ऑटोमेटेड गवर्नेंस एंड इंटीग्रेशन) वेब पोर्टल के कामकाज, विकास और रखरखाव में सार्वजनिक धन के गबन और दुरुपयोग के साथ-साथ अन्य अनियमितताओं के आरोप हैं।
उन पर अपराध जांच विभाग (सीआईडी) में अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक के तौर पर काम करते हुए उस निधि के दुरुपयोग के भी आरोप हैं, जो पुलिसकर्मियों को ‘अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम, 1989’ के प्रावधानों के बारे में जागरूकता फैलाने के लिए प्रशिक्षण देने का वास्ते निर्धारित थी।
मुख्य सचिव जी साईं प्रसाद ने एक सरकारी आदेश में कहा, “मामले की सावधानीपूर्वक जांच के बाद सरकार ने अखिल भारतीय सेवा (अनुशासन और अपील) नियम, 1969 के नियम 8(2) के तहत संबंधित आरोपी (संजय) पर लगाए गए आरोपों की नियमित जांच कराने का फैसला किया है।”
प्रसाद ने बताया कि सरकार ने गृह विभाग के प्रधान सचिव कुमार विश्वजीत को मामले में जांच अधिकारी नियुक्त किया है और उन्हें निर्धारित समय में रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया है।
संजय 2023 में सीआईडी प्रमुख थे, जब एजेंसी ने तेलुगु देशम पार्टी (तेदेपा) प्रमुख चंद्रबाबू नायडू को भ्रष्टाचार के एक मामले के सिलसिले में गिरफ्तार किया था।
भाषा पारुल वैभव
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