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पडिक्कल का शतक, भारत ने पांच विकेट पर 300 रन बनाए

कोलंबो, 23 अगस्त (भाषा) देवदत्त पडिक्कल के लगातार दूसरे शतक से भारत ने श्रीलंका के खिलाफ दूसरे क्रिकेट टेस्ट के पहले दिन रविवार को यहां पहली पारी में पांच विकेट पर 300 रन बनाए।

पहले टेस्ट में 167 रन की पारी खेलने वाले बाएं हाथ के बल्लेबाज पडिक्कल ने दो जीवनदान का फायदा उठाते हुए 193 गेंद में 12 चौकों से 117 रन की पारी खेलने के अलावा कप्तान शुभमन गिल (50) के साथ तीसरे विकेट के लिए 120 और रविंद्र जडेजा (43 रन, 83 गेंद, चार चौके) के साथ चौथे विकेट के लिए 74 रन की साझेदारी की। सलामी बल्लेबाज यशस्वी जायसवाल ने भी 45 रन की उपयोगी पारी खेली।

दिन का खेल खत्म होने पर ध्रुव जुरेल सात जबकि सारांश जैन चार रन बनाकर खेल रहे थे।

श्रीलंका की ओर से असिता फर्नांडो सबसे सफल गेंदबाज रहे जिन्होंने 46 रन देकर तीन विकेट चटकाए। तेज गेंदबाज लाहिरू कुमारा और स्पिनर केशारा नुवानथा ने एक-एक विकेट चटकाया।

पडिक्कल की शुरुआत सहज नहीं रही थी। जब उन्होंने खाता भी नहीं खोला था तब कुमारा की गेंद पर सोनल दिनुशा प्वाइंट पर उनका कैच लपकने में नाकाम रहे।

पडिक्कल एक रन के निजी स्कोर पर भी भाग्यशाली रहे जब श्रीलंकाई कप्तान धनंजय डिसिल्वा ने नुवानथा की गेंद पर बैकवर्ड प्वाइंट पर उनका आसान कैच टपका दिया।

पडिक्कल ने इन जीवनदान का पूरा फायदा उठाया और लय में आने के बाद श्रीलंकाई गेंदबाजों के खिलाफ कुछ आकर्षक शॉट खेले।

कुमारा की गेंद पर लगाया गया उनका जोरदार पुल शॉट पारी के आकर्षण में से एक रहा। इसी शॉट के साथ उन्होंने 90 गेंदों में अर्धशतक पूरा किया।

गिल ने भी बेहद आत्मविश्वास के साथ बल्लेबाजी की। बाएं हाथ के स्पिनर प्रभात जयसूर्या की गेंद पर उनका शॉर्ट आर्म पुल दर्शनीय रहा। वह हालांकि चाय से ठीक पहले एकाग्रता गंवा बैठे और फर्नांडो की गेंद पर विकेटकीपर निरोशन डिकवेला को कैच दे बैठे।

पडिक्कल और गिल ने तीसरे विकेट के लिए शतकीय साझेदारी करके भारत को पहले सत्र में लोकेश राहुल और जायसवाल के विकेट गंवाने के झटकों से उबारा।

चाय के बाद भारत को एक और झटका लगा जब तेज गेंदबाज कुमारा की शॉर्ट गेंद को पुल करने की कोशिश में ऋषभ पंत (03) अपनी बाएं हाथ की कलाई पर चोट लगा बैठे और उन्हें रिटायर्ड हर्ट होकर पवेलियन लौटना पड़ा।

क्रीज पर उतरे जडेजा ने स्पिनरों नुवानथा और धनंजय डिसिल्वा पर चौके जड़े। उन्होंने जयसूर्या और कामिल मिशारा पर भी चौके मारे।

पडिक्कल ने जयसूर्या पर लगातार दो चौकों और एक रन के साथ 168 गेंद में लगातार दूसरा शतक पूरा किया।

पडिक्कल ने मिशारा और जयसूर्या पर भी चौके मारे लेकिन फिर नवानथा की गेंद को चूककर बोल्ड हो गए।

जडेजा दिन के अंतिम 85वें ओवर में फर्नांडो की तेजी से अंदर आती गेंद पर बोल्ड हो गए। जडेजा ने शॉट नहीं खेलने का फैसला करते हुए बल्ला हवा में उठाया दिया लेकिन गेंद काफी मूव करती हुई विकेटों से टकरा गई।

पदार्पण कर रहे सारांश जैन ने फर्नांडो पर चौके के साथ अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अपने रनों का खाता खोला और टीम के रनों का तिहरा शतक पूरा किया।

इससे पहले टॉस जीतकर बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम को राहुल (18) और जायसवाल ने पहले विकेट के लिए 37 रन जोड़कर सतर्क शुरुआत दिलाई।

जायसवाल ने शानदार बल्लेबाजी की और इस दौरान कट शॉट खेलने से परहेज किया जो अतीत में कई बार उनके लिए परेशानी का सबब बना है। उन्होंने तेज गेंदबाज कुमारा की गेंदों पर लगातार दो चौके लगाए और जयसूर्या की गेंद पर बेहतरीन कवर ड्राइव खेला।

राहुल ने भी संयमित बल्लेबाजी की और जयसूर्या की गेंद पर उनके सिर के ऊपर से छक्का लगाया।

हालांकि कुमारा की गेंद पर स्क्वायर कट खेलने की कोशिश में राहुल ने डिकवेला को कैच थमा दिया।

जायसवाल बड़ी पारी की ओर बढ़ते दिख रहे थे लेकिन फर्नांडो की अंदर आती शानदार गेंद पर बोल्ड हो गए।

जायसवाल के आउट होने के बाद कुछ देर मैदान पर तनातनी भी दिखी। गॉल में पहले टेस्ट की दूसरी पारी में डिकवेला से हुई कहासुनी को लेकर फर्नांडो ने जायसवाल को विदाई देने का इशारा किया। जायसवाल पीछे मुड़े और दोनों के बीच कुछ बातचीत हुई। इस दौरान उनका हेलमेट फर्नांडो के माथे से भी छू गया। हालांकि श्रीलंकाई कप्तान धनंजय डिसिल्वा ने जल्द ही स्थिति को संभाल लिया।

पडिक्कल और गिल ने भारत को लंच तक दो विकेट पर 88 रन तक पहुंचाया।

भाषा सुधीर नमिता

नमिता