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इजराइल में गोरखा समुदाय ने मृत भारतीय नागरिक के लिए प्रार्थना सभा की

तेल अवीव, 22 अगस्त (भाषा) इजराइल में गोरखा समुदाय के लोगों ने शुक्रवार को यहां एक मृत भारतीय नागरिक के लिए प्रार्थना सभा आयोजित की।

समुदाय ने इस मामले में न्याय सुनिश्चित करने एवं मृतक राजीव आचार्य (40) के परिवार के लिए समर्थन की भी अपील की।

पिछले महीने यरुशलम में राजीव की मौत कथित तौर पर उसके मालिक के रिश्तेदार के हमले में हो गई थी।

राजीव यरुशलम में एक बुजुर्ग जोड़े की देखभाल करने का काम करते थे। तेईस जुलाई को उनके घर पर उन पर जानलेवा हमला किया गया। कथित तौर पर किसी धारदार चीज से किए गए हमले में उन्हें कई चोटें आईं और बाद में ज्यादा खून बहने के कारण उनकी मौत हो गई।

इजराइल के सरकारी वकीलों ने 31 साल के एवियोर जाकेन के खिलाफ आरोप-पत्र दायर किया है। जाकेन की पहचान उस बुजुर्ग जोड़े के पोते के तौर पर हुई है, जिनके लिए राजीव काम करते थे।

जाकेन अभी हिरासत में है और उस पर सोच-समझकर हत्या करने का आरोप है। हालांकि, हत्या की वजह अभी साफ नहीं है।

भारतीय दूतावास ने 19 अगस्त को सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘दूतावास इस मामले पर बारीकी से नजर रखेगा और संबंधित अधिकारियों के संपर्क में रहेगा।’’

तेल अवीव के लेविंस्की पार्क में शुक्रवार को ‘‘गोरखा वॉइस फॉर जस्टिस’’ के बैनर तले गोरखा समुदाय के लोग शांतिपूर्ण प्रार्थना सभा के लिए इकट्ठा हुए। उन्होंने मोमबत्तियां जलाईं और राजीव की याद में मौन रखा।

राजीव आचार्य गोरखा समुदाय से थे और पश्चिम बंगाल के रहने वाले थे। समुदाय के एक सदस्य ने बताया कि इजराइल में गोरखा समुदाय के लगभग 3,000 लोग काम करते हैं।

देखभाज एजेंसी में काम करने वाली और इस तरह का काम करने वाले लोगों की मदद करने वाली सारा पेरी भी इस प्रार्थना सभा में शामिल हुईं।

पेरी ने सभा को संबोधित करते हुए कहा, ‘‘हम जानते हैं कि साथ कैसे देना है। आप युद्ध के दौरान हमारे साथ, इजराइल के साथ थे। आप जान बचाने अपने देश नहीं गए। आप यहां बुजुर्गों के साथ रुके रहे।’’

भाषा सुरेश देवेंद्र

देवेंद्र