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राजस्थान: कांग्रेस विधायकों ने सदन में नारेबाजी की, कार्यवाही दो बार स्थगित

जयपुर, 21 अगस्त (भाषा) कांग्रेस विधायकों के हंगामे के कारण शुक्रवार को राजस्थान विधानसभा की बैठक को एक बार के स्थगन के बाद दोपहर एक बजे तक के लिए स्थगित कर दिया गया।

सदन की बैठक प्रश्नकाल के दौरान बारह बजे तक स्थगित की गई। एक बार के स्थगन के बाद बैठक शुरू हुई और शून्यकाल में कार्यवाही थोड़ी देर चली लेकिन कांग्रेस विधायकों के हंगामे के बीच इसे एक बजे तक स्थगित कर दिया गया।

सुबह 11 बजे जैसे ही सदन की बैठक शुरू हुई, नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने बृहस्पतिवार को कांग्रेस के विधायकों को भवन के नियमित दरवाजे से अंदर नहीं आने देने का मुद्दा उठाया। उन्होंने इसकी जांच करवाने की मांग करते हुए कहा कि विपक्ष जनता के मुद्दों को उठाना चाहता है।

विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने उन्हें बोलने की अनुमति नहीं दी और कहा कि प्रश्नकाल के बाद इस पर बात होगी। इस बीच कांग्रेस के सदस्य उठकर नारेबाजी करने लगे। सत्ता पक्ष की ओर से इस पर विरोध जताया गया और सदन में हंगामा शुरू हो गया।

विधानसभा अध्यक्ष देवनानी ने सदस्यों से शांत रहने और कार्यवाही चलने देने की अपील की लेकिन अपनी बात का असर न होते देख उन्होंने बैठक 12 बजे तक के लिए स्थगित कर दी।

एक बार बाधित होने के बाद बारह बजे जब सदन की कार्यवाही पुन: शुरू हुई तो कांग्रेस के विधायकों ने नारेबाजी व हंगामा फिर शुरू कर दिया। अध्यक्ष देवनानी ने सदस्यों से शून्यकाल की कार्यवाही चलने देने की अपील की।

नेता प्रतिपक्ष जूली ने कुछ बोलना चाहा तो देवनानी ने कहा कि वह शून्यकाल के बाद दोनों पक्षों को बोलने का अवसर देंगे। देवनानी ने हंगामे के बीच ही कार्यवाही को आगे बढ़ाने का प्रयास किया लेकिन फिर उन्होंने बैठक एक बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई।

इसके पहले कांग्रेस के विधायकों ने विधानसभा परिसर में कई मुद्दों को लेकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी और प्रदर्शन किया। इसके बाद वे सदन में गए।

कांग्रेस के विधायक कल बृहस्पतिवार को भी सदन की कार्यवाही में शामिल नहीं हुए थे।

भाषा पृथ्वी मनीषा

मनीषा