गुरुग्राम, 19 अगस्त (भाषा) दिल्ली के एक दंपति को कथित तौर पर फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल कर गुरुग्राम में 1.10 करोड़ रुपये का फ्लैट बेचने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने बुधवार को यह जानकारी दी।
पुलिस के अनुसार, आरोपियों की पहचान भानु प्रिया नारंग (33) और उनके पति ध्रुव शर्मा (35) के रूप में हुई है। आरोप है कि दंपति ने खरीदार को यह विश्वास दिलाने के लिए फर्जी बैंक स्टेटमेंट, ऋण समाप्ति से जुड़े स्क्रीनशॉट और बैंक के अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) से संबंधित कथित दस्तावेज दिखाए कि संपत्ति पर कोई बकाया नहीं है।
पुलिस ने बताया कि एक व्यक्ति ने चार अप्रैल को शिकायत दर्ज कराई थी कि दंपति ने उससे गुरुग्राम के सुशांत लोक फेज-दो में स्थित एक फ्लैट को 1.10 करोड़ रुपये में बेचने का समझौता किया था।
शिकायत के अनुसार, आरोपियों ने उसे बताया था कि फ्लैट पर बैंक का ऋण बकाया है और वे इसे चुकाने के बाद बैंक की एनओसी तथा मूल दस्तावेज उसे सौंप देंगे।
पुलिस ने बताया कि शिकायतकर्ता ने अलग-अलग तारीखों पर किस्तों में आरोपियों को पूरी 1.10 करोड़ रुपये की राशि का भुगतान कर दिया।
आरोप है कि ऋण चुकाए जाने का भरोसा दिलाने के लिए दंपति ने शिकायतकर्ता को बैंक स्टेटमेंट और ऋण समाप्ति से जुड़े स्क्रीनशॉट दिखाए। इन दस्तावेजों पर विश्वास कर शिकायतकर्ता उनके झांसे में आ गया।
पुलिस के मुताबिक, 23 जनवरी 2025 को फ्लैट का बैनामा शिकायतकर्ता और उसकी पत्नी के नाम कर दिया गया।
पुलिस ने बताया कि हालांकि, बाद में बैंक से सत्यापन कराने पर पता चला कि संपत्ति पर अब भी 35.70 लाख रुपये का ऋण बकाया था। उसने बताया कि आरोपियों द्वारा दिखाया गया बैंक स्टेटमेंट भी कथित तौर पर फर्जी पाया गया।
शिकायत के आधार पर सेक्टर-56 थाने में संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया।
पुलिस ने बताया कि जांच टीम ने मंगलवार को दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। दंपति दिल्ली के रहने वाले हैं।
मामले की जांच जारी है।
भाषा
शुभम वैभव
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