उच्चतम न्यायालय ने केंद्र से यह स्पष्ट करने को कहा है कि क्या ‘शांति अधिनियम’ के तहत परमाणु दुर्घटना के पीड़ितों को उचित और न्यायपूर्ण मुआवजा देने से अदालतों को अलग रखा गया है।
भाषा नेत्रपाल मनीषा
मनीषा
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