मांड्या (कर्नाटक), 15 अगस्त (भाषा) कृष्णराज सागर (केआरएस) जलाशय से आधी रात के आसपास तमिलनाडु के लिए पानी छोड़ा गया। भाजपा और कन्नड़ संगठनों ने शनिवार को यह आरोप लगाया।
कन्नड़ कार्यकर्ता वाटाल नागराज ने कथित तौर पर पानी छोड़े जाने की निंदा करते हुए कहा कि उनका संगठन ‘कन्नड़ चलवली वाटाल पक्ष’ अगले दो दिन में केआरएस बांध का घेराव करेगा।
भाजपा की मांड्या इकाई के प्रवक्ता मंजूनाथ के अनुसार, कावेरी जल प्रबंधन प्राधिकरण के कर्नाटक को 15 दिनों तक तमिलनाडु के लिए प्रतिदिन 12,000 क्यूसेक पानी छोड़ने के निर्देश के बाद यह कदम उठाया गया है।
कृष्णराज सागर बांध कर्नाटक के मांड्या जिले में स्थित है।
मंजूनाथ ने 'पीटीआई-भाषा' से कहा, 'आधी रात के आसपास केआरएस से पानी छोड़ा गया। पानी छोड़े जाने के बाद कावेरी नदी में जलस्तर बढ़ गया है।'
मंजूनाथ ने आरोप लगाया कि ऐसा राज्य सरकार के उस पहले के रुख के बावजूद हो रहा है, जिसमें उसने कहा था कि किसानों के लिए पानी की उपलब्धता और पीने के पानी की जरूरतों को देखते हुए वह तमिलनाडु को पानी नहीं छोड़ेगी।
उन्होंने बांध से छोड़े जा रहे पानी का ताजा वीडियो भी साझा किया।
कन्नड़ कार्यकर्ता वाटाल नागराज ने भी इसी तरह का आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार 'गुप्त तरीके से' पानी छोड़ रही है।
नागराज ने कहा, 'इसमें कुछ भी नया नहीं है। वे (सरकार) अनिवार्य तौर पर पानी छोड़ रहे हैं। उन्होंने पहले भी पानी छोड़ा था और कहा था कि यह काबिनी से छोड़ा गया है। उन्होंने बहुत चालाकी से इसे शुरू से ही छोड़ा है।'
नागराज ने आरोप लगाया कि कर्नाटक के मुख्यमंत्री और तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. विजय जोसेफ के बीच इस मामले में समझौता हुआ है।
पूर्व विधायक ने कहा, 'दो दिन के भीतर हम कृष्णराज सागर बांध का घेराव करेंगे। हम बेंगलुरु से एक बड़ा जुलूस निकालेंगे।'
कावेरी जल प्रबंधन प्राधिकरण ने 12 अगस्त को कर्नाटक को 15 दिनों तक तमिलनाडु के लिए प्रतिदिन 12,000 क्यूसेक पानी छोड़ने का आदेश दिया था।
राज्य सरकार ने कहा था कि वह इस आदेश को उच्चतम न्यायालय में चुनौती देने के विकल्प तलाशेगी।
भाषा
शुभम दिलीप
दिलीप