यूपी के नोएडा में बन रहे नए अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे से पहली उड़ान डीजीसीए की हरी झंडी मिलने के बाद इंडिगो कंपनी के विमान ने सफल टेक ऑफ और लैंडिंग की है। लेकिन इस हवाई अड्डे से यात्रियों को उड़ान भरने के लिए कुछ महीने का इंतजार करना पड़ेगा।
फायर टेंडर के सलामी के साथ-साथ इंडिगो कंपनी के विमान ने टैक्सी वे से निकल रनवे पर पहुंचा। आसमान में उड़ान भरने के बाद सफल लैंडिंग की और रनवे पर विमान की लैंडिंग व टेक ऑफ के जरिये ट्रायल की प्रक्रिया पूरी की गई। नाइल के अफसरों के मुताबिक एयरपोर्ट पर ट्रायल की यह प्रक्रिया 15 दिसंबर तक चलेगी। इसके बाद एयरपोर्ट से कमर्शियल सेवा शुरू करने के लिए डीजीसीए में एरोड्रम के लाइसेंस के लिए आवेदन किया जाएगा।
जेवर के विधायक धीरेंद्र सिंह ने कहा, ज़ेवर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा बीजेपी सरकार के महत्वाकांक्षी परियोजनाओं में से एक है। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का शिलान्यास प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 26 नवंबर 2021 को किया था। निर्माण एजेंसी टाटा प्रोजेक्ट्स के चयन के बाद मई-जून 2022 में ही एयरपोर्ट का निर्माण वास्तव में तेजी के साथ धरातल पर शुरू हुआ। अप्रैल 2025 तक करीब तीन साल से कम समय में एयरपोर्ट से नियमित यात्री उड़ान के साथ सबसे तेजी से विकसित होने वाले एयरपोर्ट के रूप में इसका नाम दर्ज हो जाएगा।
नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के सीईओ क्रिस्टोफ़ श्नेलमैन ने बताया, इस अवसर पर अपने संबोधन में नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के सीईओ क्रिस्टोफ़ श्नेलमैन ने कहा कि पिछले 4 सालों में जो सबसे ज्यादा प्रश्न मुझे पूछा गया की पहली उड़ान कब होगी आज हम इस प्रश्न का जवाब दे रहे हैं. एग्रीमेंट साइन करने के 4 साल के अंदर, जमीन उपलब्ध कराने के 3 साल के अंदर और निर्माण के ढाई साल के अंदर हम पहले विमान की उड़ान कर रहे हैं हमें सभी का सहयोग मिला है इसके कारण यह काम हम कर सकते हैं इसके लिए हम सभी का धन्यवाद करते हैं।
रिकॉर्ड समय में बने इस एयरपोर्ट के शुरू होने के बाद यूपी देश का पहला पांच अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डों वाला राज्य बन जायेगा। ज़ाहिर है इससे यात्रियों को तो फायदा होगा ही, यूपी की आर्थिक रूप से मजबूती प्रदान करेगा।