योगी सरकार इस दीपावली पर ‘एक दीया गोमाता के नाम’ अभियान के जरिए गोवंश संरक्षण को जनभागीदारी से जोड़ने की पहल कर रही है। इसके तहत प्रदेश के 7,500 से अधिक गो संरक्षण केंद्रों को रोशन करने की तैयारी है। साथ ही, गो आधारित उत्पादों को बढ़ावा देकर ग्रामीण महिलाओं और किसानों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने पर जोर दिया जाएगा।
अभियान के माध्यम से लोगों को निराश्रित गोवंश के संरक्षण के प्रति जागरूक किया जाएगा। इसके साथ ही युवाओं को गो संरक्षण का संकल्प दिलाने और दीपावली के उत्सव को सामाजिक भागीदारी से जोड़ने की योजना है।
गो उत्पादों के स्टॉल लगाए जाएंगे
पशुधन एवं दुग्ध विकास मंत्री धर्मपाल सिंह ने बताया कि योगी सरकार गो आधारित उत्पादों को प्रोत्साहित कर ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाना चाहती है। इसके तहत स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं की ओर से तैयार गो उत्पादों और उनसे बनी वस्तुओं के स्टॉल लगाए जाएंगे।
इन उत्पादों की बिक्री से ग्रामीण महिलाओं को अतिरिक्त आमदनी के अवसर मिलेंगे। दीपावली के लिए गो आधारित उत्पादों से आकर्षक उपहार भी तैयार किए जाएंगे, ताकि लोग त्योहार के दौरान इनकी खरीदारी के लिए प्रोत्साहित हों।
गोशालाओं में ग्रामीणों के साथ मनेगी दिवाली
दीपावली पर गोशालाओं और निराश्रित गोवंश आश्रय स्थलों में विशेष कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इनमें ग्रामीणों की भागीदारी पर जोर रहेगा। इसका उद्देश्य त्योहार की खुशियों के साथ गोवंश संरक्षण का संदेश भी लोगों तक पहुंचाना है।
सरकार की कोशिश है कि गोशालाएं केवल निराश्रित गोवंश के आश्रय स्थल तक सीमित न रहें, बल्कि ग्रामीण समुदाय की सहभागिता और जागरूकता के केंद्र के रूप में भी विकसित हों।
ग्रामीण महिलाओं की आय बढ़ाने पर जोर
गो सेवा आयोग के अध्यक्ष श्याम बिहारी गुप्ता ने बताया कि गो आधारित उत्पादों की बिक्री से ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत होने का अवसर मिलेगा। स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से तैयार उत्पादों को बढ़ावा देने से महिलाओं के हुनर और मेहनत को बाजार मिल सकेगा।
दीपावली जैसे बड़े त्योहार पर इन उत्पादों की मांग बढ़ने से इनके निर्माण और बिक्री को भी प्रोत्साहन मिलने की उम्मीद है। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार और आय के नए अवसर पैदा करने में मदद मिल सकती है।
युवाओं को गो संरक्षण के प्रति किया जाएगा जागरूक
अभियान के तहत ग्रामीण महिलाओं और युवाओं को गोवंश संरक्षण के महत्व की जानकारी दी जाएगी। लोगों को गो आधारित उत्पादों के उपयोग और उनकी उपयोगिता के बारे में भी जागरूक किया जाएगा।
‘एक दीया गोमाता के नाम’ अभियान के जरिए योगी सरकार दीपावली की परंपराओं को गोवंश संरक्षण, सामाजिक सहभागिता और ग्रामीण स्वावलंबन से जोड़ने का प्रयास कर रही है।