प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर लाल किले की प्राचीर से राष्ट्र को संबोधित करते हुए युवाओं, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, सिविल डिफेंस, खेल, सेमीकंडक्टर, परमाणु ऊर्जा और कृषि को लेकर कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। उन्होंने कहा कि 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के लक्ष्य में देश के युवाओं की सबसे बड़ी भूमिका होगी।
प्रधानमंत्री ने घोषणा की कि एक करोड़ युवाओं को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) स्किलिंग कोर्स के जरिए प्रशिक्षित किया जाएगा। इसके अलावा विभिन्न परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए मुफ्त ऑनलाइन कोचिंग की सुविधा उपलब्ध कराने का भी ऐलान किया।
पीएम मोदी ने देश में तकनीकी विकास के महत्व पर जोर देते हुए इसे अपनी ‘सप्तधारा’ यानी सात शक्तियों की परिकल्पना का महत्वपूर्ण हिस्सा बताया। उन्होंने इस साल फरवरी में आयोजित ऐतिहासिक इंडिया AI इम्पैक्ट समिट का भी जिक्र किया।
आधुनिक सिविल डिफेंस नेटवर्क बनाने का ऐलान-
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि बदलती सुरक्षा चुनौतियों से निपटने के लिए सरकार सिविल डिफेंस में सुधार कर रही है। आधुनिक प्रशिक्षण और बेहतर क्षमताओं से लैस एक व्यापक सिविल डिफेंस नेटवर्क तैयार किया जाएगा।
उन्होंने कहा, “मैं आज लाल किले से घोषणा करता हूं कि आने वाले दिनों में हम एक सशक्त सिविल डिफेंस नेटवर्क स्थापित करेंगे। हम उन्हें आधुनिक प्रणालियों से परिचित कराएंगे। आधुनिक दौर के संकटों से नागरिकों की सुरक्षा के लिए कौन-कौन से उपाय किए जा सकते हैं, इस पर काम किया जाएगा। हम एक विशाल और आधुनिक सिविल डिफेंस स्वयंसेवी बल तैयार करेंगे, जो मौजूदा चुनौतियों से निपटने में सक्षम होगा।”
पीएम मोदी ने राष्ट्र निर्माण में महिलाओं की भूमिका की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि लड़ाकू विमान से लेकर नागरिक उड्डयन तक बेटियां अग्रिम पंक्ति में हैं। खेल और STEM शिक्षा के क्षेत्र में भी बेटियां नेतृत्व कर रही हैं। उन्होंने कहा कि NDA से प्रशिक्षण प्राप्त करने वाली बेटियां सशस्त्र बलों का नेतृत्व करने की क्षमता और आत्मविश्वास का प्रदर्शन कर रही हैं।
5 से 15 साल के बच्चों के लिए खेल प्रतिभा खोज-
प्रधानमंत्री ने देशभर में राष्ट्रीय खेल प्रतिभा खोज अभियान शुरू करने की घोषणा की। इसके तहत गांवों और शहरों में 5 से 15 वर्ष की उम्र के बच्चों की प्रतिभा की पहचान कर उन्हें निखारा जाएगा।
1-2 साल में 7-8 नए सेमीकंडक्टर प्लांट-
सेमीकंडक्टर क्षेत्र पर पीएम मोदी ने कहा कि अगले एक से दो वर्षों में 7-8 नए सेमीकंडक्टर उत्पादन संयंत्र काम करना शुरू कर सकते हैं। उन्होंने इसे भारत की तकनीकी आत्मनिर्भरता की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।
2047 तक 100 GW परमाणु ऊर्जा क्षमता-
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत का लक्ष्य 2047 तक 100 गीगावाट परमाणु ऊर्जा क्षमता हासिल करना है। उन्होंने बताया कि अगले 6-7 वर्षों में पांच नए परमाणु रिएक्टर चालू होने की उम्मीद है।
विकसित भारत के लिए ‘सप्तधारा’ पर जोर-
पीएम मोदी ने कहा कि विकसित भारत के निर्माण के लिए देश को सात प्रमुख क्षेत्रों पर ध्यान देना होगा। उन्होंने मैन्युफैक्चरिंग, कृषि एवं फूड प्रोसेसिंग, तकनीक, इनोवेशन और डिजिटल टेक्नोलॉजी जैसे क्षेत्रों को महत्वपूर्ण बताया।
उन्होंने कहा, “विकसित भारत के निर्माण के लिए हमें नई धारा की जरूरत है। सप्तधारा की पहली शक्ति मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर है। इसके लिए हमें तीन चीजों—लागत, गुणवत्ता और पैमाने—पर ध्यान देना होगा। गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं होना चाहिए, यही हमारी ब्रांड वैल्यू बनेगी। दूसरी शक्ति फूड प्रोसेसिंग है। नए FTA के साथ अब हमारे पास बड़े वैश्विक बाजारों तक पहुंच है। तीसरी शक्ति तकनीक, इनोवेशन और डिजिटल टेक्नोलॉजी है।”
प्रधानमंत्री ने कहा कि यह रोबोटिक्स, AI, क्वांटम टेक्नोलॉजी, स्पेस और डेटा सेंटर का दौर है। उभरती तकनीकें नई चुनौतियां पेश कर रही हैं और भारत को वैश्विक इनोवेशन हब बनना होगा। उन्होंने कहा कि भारत ने UPI और डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर के जरिए अपनी क्षमता साबित की है। अब देश को अगली पीढ़ी की संचार तकनीक में भी बड़ी छलांग लगानी होगी
विकसित भारत का सबसे बड़ा लाभार्थी युवा-
पीएम मोदी ने कहा कि विकसित भारत के लक्ष्य को देश के युवाओं से जोड़ना जरूरी है।
उन्होंने कहा, “जब मैं विकसित भारत की बात करता हूं, जब मैं देश को तेज गति से आगे बढ़ाने की बात करता हूं, तो इस विजन का सबसे बड़ा लाभार्थी और सबसे बड़ा सक्षमकर्ता मेरे देश का युवा और मेरे राष्ट्र की युवा शक्ति है। विकसित भारत का सबसे बड़ा लाभार्थी भी देश का युवा ही है। इसलिए हमें विकसित भारत के लक्ष्य को अपने युवाओं से जोड़कर आगे बढ़ना होगा।”
किसानों के लिए वैश्विक बाजार का रास्ता-
कृषि और फूड प्रोसेसिंग के महत्व पर पीएम मोदी ने कहा कि फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) के कारण दुनिया के बड़े बाजार भारतीय किसानों के लिए खुल रहे हैं।
उन्होंने कहा, “हमें खेत से निर्यात बाजार तक पहुंचना है। हमारे पारंपरिक व्यंजन, मिलेट्स, मसाले, फल और फूल वैश्विक ब्रांड बनने चाहिए।”
2047 तक विकसित राष्ट्र बनने का संकल्प-
प्रधानमंत्री मोदी ने विश्वास जताया कि भारत 2047 तक एक विकसित राष्ट्र बनेगा। उन्होंने देशवासियों से ‘विकसित भारत’ के सपने को साकार करने के लिए मिलकर काम करने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा, “पूरा देश एक नए संकल्प के साथ आगे बढ़ रहा है। भारत ने भी बड़ा सपना देखा है—2047 तक विकसित राष्ट्र बनने का। 2047 में विकसित भारत का संकल्प पूरा होगा। जब दुनिया का सबसे अधिक आबादी वाला देश विकसित राष्ट्र बनने का संकल्प लेता है, तो यह हमारे साहस का परिचय बन जाता है और दुनिया भारत को एक अलग नजरिए से देखने के लिए मजबूर होती है।”
प्रधानमंत्री ने देशवासियों से बड़े सपने देखने और उन्हें हकीकत में बदलने के लिए पूरी ताकत से काम करने का आह्वान किया।