तमिलनाडु सरकार के मंत्री मारिया विल्सन ने शनिवार को कहा कि नई सरकार का पहला बजट अगस्त के पहले सप्ताह में पेश किया जाएगा। उन्होंने दावा किया कि मुख्यमंत्री जोसेफ विजय के भ्रष्टाचार विरोधी कदमों और सरकार के कामकाज को जनता का पूरा समर्थन मिल रहा है। मारिया विल्सन ने बताया कि मुख्यमंत्री विजय पिछले 15-16 दिनों से मंत्रियों और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ लगातार समीक्षा बैठकें कर रहे हैं। ये बैठकें 6 से 7 घंटे तक चलीं, जिनमें बजट और सरकार की नीतिगत प्राथमिकताओं पर विस्तार से चर्चा हुई।
उन्होंने कहा, "कैबिनेट की बैठक भी सफलतापूर्वक संपन्न हो चुकी है। सरकार के 55 दिन पूरे हो चुके हैं और अब नई सरकार का पहला बजट अगस्त के पहले सप्ताह में पेश किया जाएगा। जनता मुख्यमंत्री के भ्रष्टाचार के खिलाफ उठाए गए कदमों और सरकार के कामकाज का 100 प्रतिशत स्वागत कर रही है।"
वहीं, तमिलनाडु के उच्च शिक्षा मंत्री के. विश्वनाथन ने कहा कि आर्थिक तंगी किसी भी छात्र की पढ़ाई में बाधा नहीं बनेगी। उन्होंने बताया कि 2026-27 शैक्षणिक सत्र में 1,00,200 छात्रों को शिक्षा ऋण उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है। इसके तहत करीब 3,000 करोड़ रुपये के एजुकेशन लोन वितरित किए जाएंगे। विश्वनाथन ने कहा कि मुख्यमंत्री जोसेफ विजय ने 7.5 लाख रुपये तक का बिना गारंटी शिक्षा ऋण देने की व्यवस्था लागू की है। उन्होंने कहा, "मुख्यमंत्री का स्पष्ट फैसला है कि पैसों की कमी के कारण कोई भी छात्र उच्च शिक्षा से वंचित नहीं रहेगा।"
उच्च शिक्षा मंत्री ने विश्वविद्यालयों में डीन और सिंडिकेट सदस्यों की नियुक्तियों में भ्रष्टाचार के आरोपों को भी खारिज किया। उन्होंने कहा कि इन नियुक्तियों की निगरानी खुद मुख्यमंत्री कर रहे हैं। उन्होंने यह भी बताया कि 'नान मुधलवन' कौशल विकास योजना पिछली डीएमके सरकार ने शुरू की थी, लेकिन वर्तमान सरकार ने सत्ता में आने के बाद अपनी नीतियों के अनुसार इसमें बदलाव किए हैं।