सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को राजा रघुवंशी हत्याकांड की मुख्य आरोपी सोनम रघुवंशी को मिली जमानत रद्द कर दी। कोर्ट ने कहा कि इस समय सोनम का जमानत पर बाहर रहना चल रही सुनवाई को प्रभावित कर सकता है। सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें दो हफ्ते के अंदर सरेंडर करने का निर्देश दिया है। जस्टिस एमएम सुंदरेश और जस्टिस पीबी वराले की बेंच ने सोनम की जमानत से जुड़े पिछले आदेशों को रद्द करते हुए यह फैसला सुनाया। हालांकि, कोर्ट ने कहा कि अगर छह महीने के अंदर ट्रायल पूरा नहीं होता है, तो सोनम दोबारा ट्रायल कोर्ट में जमानत के लिए आवेदन कर सकती हैं।
यह मामला मेघालय में हनीमून के दौरान राजा रघुवंशी की कथित हत्या से जुड़ा है। शादी के बाद सोनम और राजा हनीमून के लिए मेघालय गए थे। अभियोजन पक्ष के मुताबिक, राजा की हत्या कथित तौर पर सोनम ने तीन अन्य लोगों की मदद से करवाई थी। घटना के बाद सोनम के लापता होने की खबर सामने आई थी, जिसके बाद पुलिस ने एफआईआर दर्ज की। बाद में 9 जून 2025 को सोनम ने उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले के नंदगंज थाने में सरेंडर किया था। इसके बाद उन्हें ट्रांजिट रिमांड के लिए मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया गया था।
सुप्रीम कोर्ट में मेघालय सरकार ने सोनम को मिली जमानत को चुनौती दी थी। सरकार ने दलील दी कि सोनम पर लगे आरोप बेहद गंभीर हैं और घटना के बाद उनके गायब होने का भी कोई स्पष्ट कारण नहीं बताया गया है। सोनम की ओर से दलील दी गई कि गिरफ्तारी के सही कारण उन्हें ठीक से नहीं बताए गए थे। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के एक पुराने फैसले का हवाला देते हुए कहा कि गिरफ्तारी के कारणों की जानकारी देना संविधान के अनुच्छेद 21 के तहत जरूरी है।
हालांकि, सुप्रीम कोर्ट ने इस दलील को स्वीकार नहीं किया। कोर्ट ने कहा कि यह ऐसा मामला नहीं है, जिसमें सोनम को गिरफ्तारी के कारण बिल्कुल नहीं बताए गए थे। कोर्ट ने कहा कि गिरफ्तारी के कारण न बताने और पर्याप्त कारण न देने में अंतर होता है। साथ ही, ऐसी आपत्ति भी जल्द से जल्द उठाई जानी चाहिए। कोर्ट ने यह भी कहा कि सोनम ने उस समय अपनी गिरफ्तारी के कारणों को लेकर संतुष्टि जताई थी। इसके चलते कोर्ट ने इस सवाल पर विचार नहीं किया कि सोनम ने स्वेच्छा से सरेंडर किया था या उन्हें गिरफ्तार किया गया था। सुप्रीम कोर्ट ने जमानत रद्द करते हुए कहा कि निचली अदालतों ने आरोपों की गंभीरता और पहले जमानत खारिज किए जाने के आदेशों को ध्यान में रखते हुए जमानत देने में गलती की। कोर्ट ने सोनम को दो हफ्ते के भीतर सरेंडर करने का आदेश दिया है।