Breaking News

दिल्ली: लाल किले पर 80वें स्वतंत्रता दिवस समारोह की फुल ड्रेस रिहर्सल जारी     |   फ्रांस को मानवाधिकार और अंतरराष्ट्रीय कानून पर दुनिया को भाषण देना बंद करना चाहिए: अराघची     |   गुजरात के मंत्री हर्ष संघवी श्रावणोत्सव डमरू यात्रा में शामिल हुए     |   मुंबई: जीशान सिद्दीकी को जान से मारने की धमकी मिली     |   खुद को हाफिज सईद का गुलाम बताया, भारत को भी धमकी दी... पूर्व मंत्री ने खोल दी पाकिस्तान की पोल     |  

जॉर्जिया में एक भारतीय समेत चार लोगों की मौत, पारिवारिक विवाद में युवक ने की फायरिंग

अमेरिका के जॉर्जिया राज्य में कथित पारिवारिक विवाद से जुड़ी गोलीबारी की घटना में एक भारतीय नागरिक समेत चार लोगों की मौत हो गई। अटलांटा स्थित भारतीय दूतावास ने यह जानकारी दी। स्थानीय मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, लॉरेंसविले शहर में गुरुवार तड़के हुई गोलीबारी में चार लोगों की मौत हो गई जबकि घटना के दौरान तीन बच्चे घर के अंदर ही मौजूद थे। अटलांटा स्थित भारतीय वाणिज्य दूतावास ने गोलीबारी की घटना पर दुख व्यक्त करते हुए कहा कि कथित हमलावर को गिरफ्तार कर लिया गया है और पीड़ित परिवार को हर संभव सहायता प्रदान की जा रही है।

भारतीय वाणिज्य दूतावास ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, ‘‘एक कथित पारिवारिक विवाद से जुड़ी गोलीबारी की घटना से हम बेहद दुखी हैं। घटना में मारे गए लोगों में एक भारतीय नागरिक भी शामिल है। कथित हमलावर को गिरफ्तार कर लिया गया है और पीड़ित परिवार को हर संभव सहायता प्रदान की जा रही है।’’

‘फॉक्स5 अटलांटा’ की खबर के अनुसार संदिग्ध की पहचान अटलांटा निवासी 51 वर्षीय विजय कुमार के रूप में हुई है। ग्विनेट काउंटी पुलिस के अनुसार मरने वालों की पहचान कुमार की पत्नी मीमू डोगरा (43), गौरव कुमार (33), निधि चंदर (37) और हरीश चंदर (38) के रूप में हुई है।

खबर में कहा गया है कि संदिग्ध पर गंभीर हमले, हत्या, द्वेषपूर्ण इरादे से हत्या, बच्चों के प्रति क्रूरता से संबंधित आरोप लगाए गए हैं। गुरुवार देर रात लगभग ढाई बजे (स्थानीय समय के अनुसार) ब्रुक आइवी कोर्ट के 1000 ब्लॉक से पुलिस को एक सूचना मिली।

रिपोर्ट के अनुसार, मौके पर पहुंचने पर अधिकारियों को घर के अंदर चार वयस्कों के शव मिले जिनमें से सभी के शरीर पर गोली लगने के निशान थे। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि गोलीबारी शुरू होने के समय तीन बच्चे मौजूद थे। अपनी सुरक्षा के लिए बच्चे एक अलमारी में छिप गए।

जांच अधिकारियेां ने बताया कि बच्चों में से एक ने किसी तरह 911 पर फोन करके महत्वपूर्ण जानकारी दी जिसके बाद पुलिस अधिकारी कुछ ही मिनटों में घटनास्थल पर पहुंच गए। बच्चे सुरक्षित थे और बाद में उनके परिवार का एक सदस्य उन्हें अपने साथ ले गया।