माघ मेला क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को परखने और किसी भी आपात स्थिति से निपटने की तैयारियों के तहत एटीएस कमांडो द्वारा ‘आत्मघाती हमलावर’ से निपटने के लिए मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया। इस अभ्यास का उद्देश्य भीड़भाड़ वाले आयोजन में तैनात सुरक्षा बलों की तत्परता और समन्वय की जांच करना था।
मॉक ड्रिल के दौरान एक काल्पनिक आत्मघाती हमलावर के प्रवेश की सूचना पर एटीएस कमांडो, स्थानीय पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियां तुरंत सक्रिय हो गईं। कमांडो ने तय मानकों के अनुसार इलाके की घेराबंदी की, संदिग्ध को घेरकर निष्क्रिय किया और मौके पर मौजूद श्रद्धालुओं को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया। इस अभ्यास में बम निरोधक दस्ते, डॉग स्क्वॉड और मेडिकल टीम की भूमिका भी अहम रही। ड्रिल के दौरान यह देखा गया कि किस तरह कम समय में हालात पर काबू पाया जा सकता है और किसी भी संभावित खतरे को टाला जा सकता है।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि माघ मेले में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। इस तरह की मॉक ड्रिल से सुरक्षा बलों को वास्तविक स्थिति में बेहतर तालमेल के साथ काम करने में मदद मिलती है। प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे सुरक्षा जांच में सहयोग करें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस को दें। माघ मेला क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था लगातार चाक-चौबंद रखी जा रही है।