नीतीश कुमार ने तमाम राजनीतिक पंडितों को एक बार फिर गलत साबित कर दिया है. एग्जिट पोल का अनुमान हो या फिर तमाम राजनीतिक पंडितों का बयान, वो नीतीश कुमार के लिए गलत ही साबित हुआ है. ऐसे में 16 में से 15 सीटों पर लगभग जीत चुके नीतीश कुमार का कद केंद्र की राजनीति में परिणाम के बाद छलांग लगा चुका है. यही वजह है कि आरजेडी के मनोज झा हों या एनसीपी के शरद पवार, दोनों नीतीश कुमार को इंडिया गठबंधन के पाले में लाने के लिए अलग-अलग तरीके का ऑफर देना शुरू कर चुके हैं. जाहिर है पिछले 15 साल से बिहार की सत्ता के सिरमौर रहे नीतीश का कद इस कदर बढ़ गया है कि केंद्र सरकार का रिमोट अब उनके हाथों में रहने वाला है, ये तय माना जा रहा है.
असली बाजीगर साबित हुए नीतीश कुमार
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