उत्तर भारत के कई राज्यों में शीत लहर के असर से सर्दी और तीखी हो गई है। कई राज्यों में गंभीर शीत दिवस की स्थिति बन गई। राजधानी दिल्ली समेत राजस्थान, पंजाब, हरियाणा, उत्तरप्रदेश, उत्तराखंड, बिहार, चंडीगढ़, छत्तीसगढ़, कच्छ, सौराष्ट्र में न्यूनतम तापमान सामान्य से 3 से 6 डिग्री सेल्सियस नीचे दर्ज किया गया। कई जगह तापमान शून्य डिग्री सेल्सियस से नीचे चला गया।
जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और पंजाब के कुछ इलाके पहले भीषण ठंड की चपेट में हैं। मैदानी इलाकों में सबसे कम न्यूनतम तापमान पंजाब के बठिंडा में 0.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। दक्षिण तमिलनाडु के कुछ हिस्सों में भारी बारिश दर्ज की गई। मौसम विभाग (IMD) के अनुसार 18 जनवरी तक उत्तर भारत के राज्यों में तेज शीतलहर की स्थिति बनी रहेगी। सुबह के समय घना कोहरा (दृश्यता 50 मीटर से कम) छाए रहने की आशंका है। इससे सडक, रेल और हवाई यातायात बुरी तरह प्रभावित हो सकता है। इसके बाद राहत मिलने लगेगी।
13 जनवरी को दिल्ली, पंजाब, हरियाणा के लिए रेड अलर्ट तथा राजस्थान, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल, लद्दाख व उत्तराखंड के लिए यलो अलर्ट जारी किया गया है। 14 जनवरी को राजस्थान, दिल्ली, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल, लद्दाख, उत्तराखंड, उत्तरप्रदेश, बिहार, झारखंड व ओडिशा के लिए यलो अलर्ट जारी किया गया है। पश्चिमी राजस्थान के बाड़मेर, जैसलमेर, जोधपुर, श्रीगंगानगर एवं सीकर व चुरू के कई क्षेत्रों में पारा माइनस पर दर्ज किया गया है। रात के समय यहां पारा जमाव बिन्दु पर आ गया है। गंभीर शीतलहर और घने कोहरे के कारण कई जगहों पर न केवल फसलें पाले की चपेट में आ रही है बल्कि आम जनजीवन व पशुपालन पर प्रभाव पड़ रहा है।