Breaking News

अगर आज लोकसभा चुनाव हुए तो इंडिया ब्लॉक को 185 सीटें संभव: MOTN सर्वे     |   WB: TMC का पुलिस पर अभिषेक बनर्जी-डेरेक ओ'ब्रायन के साथ मारपीट का आरोप     |   47% लोगों ने कहा कि परिसीमन से जोड़े बिना महिला आरक्षण लागू हो: MOTN सर्वे     |   47% ने कहा राम मंदिर चढ़ावा चोरी का केंद्र-राज्य सरकारों पर नकारात्मक असर: MOTN     |   MOTN सर्वे में 70 फीसदी लोगों ने 'एक देश, एक चुनाव' का समर्थन किया     |  

नई श्रम संहिता के खिलाफ आज भारत बंद, देशभर में हड़ताल पर ट्रेड यूनियन

संयुक्त किसान मोर्चा (SKM) और देश की 10 प्रमुख केंद्रीय ट्रेड यूनियनों ने भारत–अमेरिका अंतरिम व्यापार समझौते, केंद्र सरकार की आर्थिक नीतियों और नए श्रम कानूनों के विरोध में 12 फरवरी को भारत बंद का आह्वान किया है। आंदोलन को INTUC, AITUC, CITU, HMS सहित कई राष्ट्रीय यूनियनों का समर्थन प्राप्त है। संगठनों का दावा है कि करीब 30 करोड़ मजदूर हड़ताल में भाग ले सकते हैं.

बंद के समर्थन में कई बैंक यूनियनों के शामिल होने से देशभर में बैंकिंग सेवाओं पर असर पड़ने की आशंका है. AIBEA, AIBOA और BEFI जैसी यूनियनों ने हड़ताल में शामिल होने का निर्णय लिया है, जिससे सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों में कामकाज धीमा रह सकता है. कई किसान, मजदूर और कर्मचारी संगठनों ने भारत बंद का समर्थन करते हुए केंद्र सरकार की नीतियों पर गंभीर आपत्तियां जताई हैं।

प्रमुख मांगें इस प्रकार हैं:

  • भारत–अमेरिका अंतरिम व्यापार समझौते का विरोध
  • चार नए लेबर कोड वापसी की मांग
  • सरकारी उपक्रमों के निजीकरण का विरोध
  • पुरानी पेंशन योजना (OPS) की बहाली
  • न्यूनतम वेतन में वृद्धि
  • निर्माण और बिजली क्षेत्र के मजदूरों के अधिकारों की सुरक्षा
  • कृषि संबंधित कानूनों और नीतियों में बदलाव की मांग

कई राज्यों में बस, ऑटो-रिक्शा और ट्रक यूनियनों के भी हड़ताल में शामिल होने की संभावना है, जिससे परिवहन सेवाओं पर बड़ा प्रभाव पड़ सकता है.

किन सेवाओं पर पड़ेगा असर?

  • कई राज्यों में बस, ऑटो और लॉरी ड्राइवर्स यूनियनों के समर्थन के कारण सार्वजनिक व निजी परिवहन प्रभावित हो सकता है. बड़े शहरों में यातायात व्यवस्था में बाधा आने की संभावना है. 
  • सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों में काउंटर सेवाएं धीमी रह सकती हैं. चेक क्लीयरेंस में देरी की आशंका बनी हुई है. हालांकि, बैंक बंद नहीं होंगे और ऑनलाइन लेन-देन व एटीएम सेवाएं सामान्य रहेंगी.
  • कई व्यापारिक संगठनों और मंडियों ने हड़ताल को नैतिक समर्थन दिया है, जिससे बड़े शहरों में थोक और खुदरा बाजार आंशिक या पूर्ण रूप से बंद रह सकते हैं.
  • ट्रेड यूनियनों के अधिक प्रभाव वाले विभागों में कर्मचारियों की उपस्थिति कम रहने की संभावना, जिससे सरकारी कामकाज धीमा हो सकता है.
  • सुरक्षा और परिवहन समस्याओं को देखते हुए, कुछ राज्यों में जिला प्रशासन स्कूल-कॉलेजों की छुट्टी घोषित कर सकता है.

जो सेवाएं सामान्य रूप से जारी रहेंगी

  • एंबुलेंस, अस्पताल और अन्य आपातकालीन सेवाएं
  • दमकल विभाग
  • हवाई यात्रा और एयरपोर्ट संचालन
  • डिजिटल बैंकिंग और एटीएम

भारतीय रिजर्व बैंक या किसी भी बैंक ने 12 फरवरी को अवकाश घोषित नहीं किया है. शाखाएं खुली रहेंगी, लेकिन यूनियन भागीदारी के कारण सेवा में रुकावट आ सकती है. अपने शहर में परिवहन व्यवस्था की स्थिति पहले ही जांच लें. बैंकिंग से जुड़े कामों को ऑनलाइन निपटाने की कोशिश करें. बाजार, सरकारी कार्यालय या शैक्षणिक संस्थान जाने से पहले स्थानीय अपडेट जरूर देखें.